कोरोना वायरस के साथ गर्मी को भी दूर रखेंगे कानपुर में तैयार ये खास कपड़े

कानपुर की महिला उद्यमी ने किया डिजाइन, कीमत भी मामूली
पहनने में आरामदायक के साथ पूरी तरह शरीर को रखेंगे सुरक्षित

कानपुर। ४५ डिग्री को पार कर रहे तापमान के बीच कोरोना वायरस से बचाव के लिए पूरी तरह शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनना जरूरी भी है और मुश्किल भी। जरूरी इसलिए, ताकि कोरोना वायरस की चपेट में आने से बच सकें और मुश्किल इसलिए कि ऐसी गर्मी में कपड़े बर्दाश्त ही नहीं होंगे। इस मुश्किल को शहर की एक महिला उद्यमी ने हल किया है। उसने खास डिजाइन के साथ खादी और कॉटन के कपड़े और मास्क तैयार किए हैं। उनके द्वारा तैयार करवाए गए एप्रेन व डांगरी भी काफी आरामदायक है और कई-कई घंटों तक उसे पहनने पर भी कोई परेशानी नहीं हो रही है।

अलग-अलग काम के लिए अलग कपड़े
वस्त्र व होजरी उद्योग से जुड़ीं आर्य नगर निवासी वैशाली बियानी ने वेस्ट कपड़े से मास्क के साथ पूरे शरीर के लिए एप्रेन व डांगरी तैयार की है। जिसे अलग-अलग काम के हिसाब से पहना जा सकेगा। ऑफिस जाने वाले डांगरी पहनकर काम कर सकेंगे तो मेड व ड्राइवर एप्रेन पहनकर संक्रमण से बचाव कर सकेंगे। उसे धोने के बाद दोबारा प्रयोग में लाया जा सकेगा। उन्होंने एक व दो लेयर के मास्क बनाए हैं। ऑर्डर मंगाने के लिए मोबाइल एप भी बनाया है। उनकी इकाई में प्रतिदिन 10 हजार मास्क तैयार किए जा रहे हैं।

खादी से सर्जिकल मास्क बनाए
शहर के एक दूसरे उद्यमी पंकज पुरी ट्रिपल लेयर सर्जिकल मास्क में अब खादी का प्रयोग भी करने जा रहे हैं। इसके लिए कई कंपनियों से आर्डर भी मिल चुके हैं। उन्होंने बताया कि थ्री प्लाई मास्क में एक लेयर खादी की होगी जिससे मास्क पहनने में आरामदायक लगेगा। वह खादी ग्रामोद्योग से कपड़ा ले रहे हैं। वे अब तक लॉकडाउन के दौरान कानपुर के अलावा इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद, बांदा, हमीरपुर समेत आसपास के कई क्षेत्रों में पांच लाख सर्जिकल मास्क सप्लाई कर चुके हैं। होजरी उद्यमी गौतम अरोड़ा अब बनियान के कपड़े का मास्क बनाकर सप्लाई कर रहे हैं। उनका कहना है कि जिस तरह शर्ट व टीशर्ट के नीचे बनियान पहनने पर सुकून मिलता है उसी तरह होजरी का मास्क आरामदायक रहेगा।

कम कीमत में ज्यादा आराम
शहर के उद्यमियों के बनाए गए कपड़े सुविधाजनक होने के साथ-साथ लोगों के बजट में फिट बैठते हैं। खादी और सूती कपड़े से तैयार होने वाले थ्री लेयर मास्क केवल 35 से 70 रुपए के बीच में मिल जाएगा। जबक डांगरी की कीमत 500 से 750 तक है। किचन में काम करने वाली महिलाओं के लिए एप्रेन 300 से 350 रुपए तक में उपलब्ध है।

Corona virus
आलोक पाण्डेय
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