अपनों की चिंता छोड़ अपनों से मिलकर खतरे में डाल रहे सबकी जान

दिन भर रहते क्वारंटाइन होम में, रात को भाग जाते घर
नहीं पूरी कर रहे आइसोलेशन की शर्तें, बढ़ा खतरा

कानपुर। दिल्ली समेत कई दूसरे प्रदेशों से कानपुर आए लोगों को एहतियातन आइसोलेशन प्रक्रिया के तहत घर परिवार से अलग रखा गया है। जहां उनके लिए खाने-पीने का इंतजाम है, लेकिन इसके बावजूद ये लोग लापरवाही बरत रहे हैं और घरवालों से मिलकर संक्रमण की वजह बन सकते हैं। प्रशासन ने दूसरे राज्यों से कानपुर लौटे लोगों को सुरक्षा और सहूलियत के हिसाब से गांव में ही क्वारंटाइन होम बना कर रखा गया है। इसके बावजूद लोग रात के समय घरों में पहुंच रहे हैं। ऐसे में आइसोलेशन का कोई मतलब नहीं रह गया है।

घर के पास बनाया क्वारंटाइन होम
काफी समय से घर परिवार और गांव से दूर रहकर महामारी की स्थिति में वापस लौटे इन लोगों की सुविधा का ध्यान रखते हुए प्रशासन ने घर और गांव के पास ही क्वारंटाइन होम बनाकर इन्हें आइसोलेशन में रखा है। ऐसा इसलिए किया गया है कि वे घर वालों और परिचतों को देख सकें और जिससे १४ दिन का समय काटने में कोई मुश्किल ना हो। लेकिन ये लोग इसका फायदा उठा रहे हैं और दिन भर क्वारंटाइन होम में रहते हैं, जबकि रात होते ही अपने घर भाग जाते हैं।

नहीं मानते करते जिद
बाहर से आये इन लोगो पर प्रधान व पंचायत सचिवों का कोई दबाव नहीं बन पा रहा है। ये किसी की नहीं मानते और ज्यादा दबाव डालने पर झगड़े पर आमदा हो जाते हैं। जिससे कोरोना के फैलने का खतरा बढ़ गया है। पंचायत सचिवों की जानकारी के बाद सीडीओ जोगिंदर सिंह ने इस तरह के लोगों के घरों पर नोटिस चस्पा करा कर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इसके बावजूद लोगों पर फर्क नहीं पड़ा है।

गांवों में हो सकती रंजिश
ग्राम प्रधानों व पंचायत सचिवों की माने तो क्वारंटाइन होम छोडक़र घर भाग रहे लोगों के परिवार वालों पर कार्रवाई की जरूरत है। यही लोग रात में इनको घरों में आश्रय दे रहे हैं। प्रधानों के सूचना देने या दबाव बनाने पर इनके परिजनों से रंजिश हो रही है। वहीं ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई न होने से अब प्रधान सूचना देने से भी कतरा रहे हैं। सीडीओ जोगिंदर सिंह ने कहा कि क्वारंटाइन होम छोडक़र घर भागने वालों के यहां नोटिस चस्पा कराई है। पंचायत सचिवों को इनके परिजनों की सूची बनाने को कहा गया है। इस तरह के लोगों की सूची डीएम को भेजकर इनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाने की कार्रवाई की जाएगी।

Show More
आलोक पाण्डेय
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned