राज्यपाल ने कहा पक्षकारों का कार्य सराहनीय, यूपी बोर्ड की तरह कराए जाएंगे के एग्जाम


छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय के कुलपतियों के सम्मेलन में भाग लेने के लिए कानपुर पुहंच राज्यपाल

By: Vinod Nigam

Published: 10 Feb 2018, 05:21 PM IST

कानपुर, उत्तर प्रदेश के राज्यपाल शनिवार को छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय के कुलपतियों के सम्मेलन में भाग लेने के लिए कानपुर पुहंचे। उन्होंने कुलपतियों के प्रान्तीय सम्मेलन में विचार विमर्श के बाद दो बड़े ऐलान किये। पहला कि अगले सत्र से सभी यूनीविर्सिटीज में छात्र संघ चुनाव कराये जायेगें, वहीं दूसरा यूपी बोर्ड की तरह यूनीवर्सिटीज में भी नकल विहीन परीक्षाऐं कराने के साथ ही सभी परीक्षा केन्द्रों पर सीसीटीवी से मानीटरिंग भी करायी जायगी। राज्यपाल ने अयोध्या मामले पर अपनी सधी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अयोध्या मसले पर यदि दोनों पक्षों पर कोई आपसी सहमति बनती है तो वह सराहनीय है। पक्षकारों को उसे सर्वोच्च न्यायालय के संज्ञान में लाया जाना चाहिए, जिससे न्यायाधीश योग्य निर्णय ले सकें।
कोर्ट के पास लेकर जाएं अपना सुझाव
यूपी गवर्नर राम नाईक आज कानपुर विश्वविद्यालय में सूबे की सभी यूनीवर्सिटीज के कुलपति के सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे थे। अपनी स्वभाव के अनुरूप उन्होने मीडिया से संवाद किया। अयोध्या मसले पर सामने आये ताजा अपडेट पर जब उनकी प्रतिक्रिया पूछी गयी तो उन्होने अपने पद की मर्यादा के अनुरूप सधी टिप्पणी में कहा कि सुप्रीम कोर्ट की अपनी अलग कार्यप्रणाली होती है। यदि दोनों पक्षकारों के संयुक्त सुझाव से कोर्ट को अवगत कराया जाएगा तो कोर्ट निश्चित तौर पर योग्य निर्णय लेगी। साथ ही दोनों तरफ के पक्षकारों का कार्य सराहनीय है और इसे मिलजुल कर सुलझा लेना चाहिए। राज्यपाल ने कहा कि आस्था से जेड़े मसले कोर्ट में न जाकर अपसी सहमति से सुलझे ंतो देश का नाम विश्व पटल पर चमकेगा।
नकल विहीन होंगी विश्वविद्यालय की परीक्षा
राज्यपाल ने इस मौके पर कहा कि यूपी बोर्ड जिस तरह से परीक्षा करवा रहा है वह सराहनीय है। सभी परीक्षा केन्द्रों पर सीसीटीवी से मानीटरिंग करायी जायगी। इसके अलावा नकल को पकड़ने और रोकने के लिए सचल दस्ते तैयार किए जाएंगे। नकल कराने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बदनाम कॉलेजों को परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा। राज्यपाल ने कहा कि नकल के जरिए परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद स्टूडेंट्स को जॉब नहीं मिलती। अगर मिल भी गई तो उसके बदले उन्हें कीमत भी देनी होती है। इन्हीं के चलते 2018 में सभी विश्वविद्यायलों में यूपी सरकार के नियम लागू किए जाएंगे। नाईक ने कहा कि सभी विश्वविद्यालय अपनी अपनी छात्र संख्या के हिसाब से ई-गर्वनेन्स का इन्तजाम करेगी। परीक्षा परिणाम के साथ ही अब विद्यार्थियों को मार्कशीट दी जायेगी।
छात्रसंघ चुनाव का किया ऐलान
राज्यपाल ने कुलपतियों के प्रान्तीय सम्मेलन में विचार विमर्श के बाद दो बड़े ऐलान किये। उन्होंने बताया कि अगले सत्र से सभी विश्वविद्यालयों में छात्र संघ चुनाव कराये जायेगें। बतौर राज्यपाल राम नाईक उत्तर प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों के कुलाधिपति भी हैं। इस नाते उन्होने खेद जताया कि यूपी के विश्वविद्यालयों के लिये अन्तर्राष्टीय रैंकिंग हासिल करना अभी दूर की कौड़ी है फिर भी उन्होने कुलपतियों को निर्देश दिये कि वे दूसरे राज्यों के विश्वविद्यालयों से प्रतिस्पर्धा करें ताकि आने वाले वक्त में वे अन्तर्राष्टीय रैंकिंग के लिये भी अपना दावा प्रस्तुत कर सकें। उन्होने दीक्षान्त समारोहों का समय से कराना भी यूपी की यूनीवर्सिटीज के लिये एक बड़ी उपलब्धि बताया है।

Vinod Nigam
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