जिला प्रशासन ने पटवारी और ग्राम विकास अधिकारी से पूछा सवाल- सरकारी भूमि पर कैसी हुई अफीम की खेती

The district administration asked the Patwari and Village Development Officer the question - how did poppy cultivation on government land
पटवारी व ग्राम विकास अधिकारी को थमाए नोटिस, आज देना होगा जवाब
सरकारी भूमि पर अफीम की खेती का मामला

By: Anil dattatrey

Published: 02 Mar 2021, 11:29 AM IST

हिण्डौनसिटी/मण्डरायल. मण्डरायल इलाके के दरगवां ग्राम पंचायत के पुजारी का पुरा के बीहडों में डेढ़ बीघा चरागाह भूमि पर अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती पकड़ में आने के बाद शासकीय सिस्टम में मिलीभगत की बू आने लगी है। सरकारी भूमि पर अवैध रुप से नशे की खेती के मामले में कार्रवाई की गाज गिरने से आशंकित अधिकारियों में हडकंप मचा हुआ है।

सोमवार को जिला प्रशासन ने मामले में गंभीरता बरत हल्का पटवारी व ग्राम विकास अधिकारी को नामजद 17 सीसी के नोटिस जारी कर 24 घंटे के अंदर जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं। अतिरिक्त जिला कलक्टर सुदर्शन सिंह तोमर ने बताया कि मामले में ग्राम विकास अधिकारी विजय कुमार शर्मा व हल्का पटवारी जितेन्द्र शर्मा को व्यक्तिगत रूप से नोटिस जारी किए हैं। दोनों को मंगलवार को जवाब पेश करना होगा। जिसमें जिस भूमि पर खेती की जा रही थी, उसकी गिरदावरी रिपोर्ट से लेकर अतिक्रमण के बारे में जानकारी देनी होगी।

गिरदावरी रिपोर्ट पेश की या नहीं!
सूत्रों के अनुसार किसी भी सरकारी भूमि पर अतिक्रमण या खेती करने की सूचना हल्का पटवारी को तत्काल प्रभाव से तहसीलदार को देनी होती है। लेकिन सरकारी भूमि पर जो अफीम की खेती हो रही थी, उसे देख साफ अंदाजा लगाया जा सकता है कि अफीम की बुवाई करीब चार से पांच माह पहले की गई होगी। अब सवाल यह है कि क्या पटवारी ने गिरदावरी रिपोर्ट पेश की, या नहीं। अगर पेश की तो क्या उसमें अफीम की खेती होना प्रदर्शित किया।

Anil dattatrey Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned