एक अरब रुपए की लागत से पानी पीएंगे ये गांव

These villages will drink water at a cost of one billion rupees
25 हजार 849 घरों में लगेंगे नल, मिलेेगा स्वच्छ जल
83 गांवों में 61 जल योजनाओं को मिली मंजूरी

By: Anil dattatrey

Published: 08 Apr 2021, 10:01 AM IST


हिण्डौनसिटी. आबादी के साथ बढ़ते जलदोहन के कारण क्षेत्र में भूजल स्तर लगातार गिरता जा रहा है। जिसके चलते ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल का गंभीर संकट बना हुआ है। पानी के लिए आए दिन झगड़े-फसाद होना आम बात हो गया है। इस बीच हिण्डौन उपखंड के देहात क्षेत्र के लोगों के लिए राहत भरी खबर आई है। वर्षों से पेयजल संकट झेल रहे क्षेत्र के 83 गांवों के 25 हजार 849 परिवारों को जल्द ही पीने को शुद्ध जल मिल सकेगा। केन्द्र व राज्य सरकार के महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन (हर घर नल योजना) के तहत हाल ही में जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने 1 अरब 3 करोड़ 88 लाख 32 हजार रुपए की 61 पेयजल योजनाओं को मंजूरी जारी की है।

पीएचईडी विभाग के सूत्रों के अनुसार क्षेत्र में समस्या सिर्फ गिरते जलस्तर की ही नहीं है, बल्कि भूजल का प्रदूषित होना भी चिंतनीय है। ग्रामीण क्षेत्र में फसलों में कीटनाशकों और रसायनों का बढ़ता उपयोग इसका एक कारण है। इसका दुष्प्रभाव मिट्टी की उत्पादकता में कमी के रूप में दिखाई दे रहा है। इसके कारण भूजल भी प्रदूषित हो रहा है। पानी में नाइट्रेट और फ्लोराइड़ जैसे तत्व भारी मात्रा में मौजूद हैं। कभी गांव के लोग पानी के लिए कुओं और हैंडपंपों पर ही निर्भर रहा करते थे, लेकिन आज स्थिति यह है कि हिण्डौन उपखंड में 550 से अधिक कुएं सूख गए हैं, या फिर इन्हें कूड़ादान बना दिया गया है। सैंकडों हैंडपंप नाकारा हो चुके हैं। यही नहीं समर्सिबल नलकूपों ने भी पानी देना बंद कर दिया है। जिससे ग्रामीण बूंद-बूंद पानी को परेशान हैं।

इन गांवों के ग्रामीणों को मिलेगा फायदा-
पीएचईडी ने जो 61 योजनाएं स्वीकृत की हैं, इनसे कुतकपुर, गुनसार, फैलीकापुरा , शेरपुर, खेडीहैवत, नांगल दुर्गसी, चिनायटा, जटवाड़ा, लहचौड़ा, अटकोली, खेडली गुर्जर, क्यारदा कलां, पट्टी नारायणपुर, फुलवाड़ा, चमरपुरा, बंदकापुरा, दुर्गसी, खिजूरी, खातीपुरा, खुरसटपुरा, वमनपुरा, गुढापोल, गद्दीपुरा, पोंछडी, खीपकापुरा, घोंसला, खिरखिरियान का पुरा, पाली, सिघान जट्ट, आरेनी गुर्जर, मीना दांत का पुरा, हरीरामपुरा, सांवरे का पुरा, कोटापुरा, गढ़ी बांधवा, गढ़ी पट्टी, बाढ़ पोंछरी, खेडा, जमालपुर, कल्हारन का पुरा, नथोले का पुरा, रेवई, कालाखाना, सनेट का पुरा, चुरारी, जटनंगला, हाडौली, मुंडापुरा, तिघरिया का पुरा, मुकंदपुरा, पटोंदा, गांवडी, बनवारी पुर, दुब्बी, कोटरा ढहर, खानाका, अकबरपुर, नौरंगाबाद, बाढ़ करसौली, राराशाहपुर, भुकरवाली, इरनियां, जहानाबाद, कजानीपुर, दानालपुर, हिंगोट, सिकरौदा मीणा, सिकरौदा जट्ट, चंदीला, करई, सीतापुर, खरेटा, हुक्मीखेडा, ढिंढोरा, सनेट, काचरौली गावों के 25 हजार 849 घरों में नल कनेक्शन करा पानी पहुंचाया जाएगा।

इरनियां-जहानाबाद-कजानीपुर में सबसे बड़ी व गुढापोल के लिए सबसे छोटी स्कीम-
सूत्रों के अनुसार स्वीकृत हुई 61 पेयजल योजनाओं में से सबसे बड़ी 12 करोड़ 46 लाख 71 हजार रुपए की योजना इरनियां-जहानाबाद-कजानीपुर गांवों के लिए स्वीकृत हुई है। जिसके तहत छह गावों के 1789 घरों में नल कनेक्शन होंगे। जबकि सबसे छोटी 26 लाख 84 हजार रुपए की स्कीम गुढापोल के लिए स्वीकृत कह गई है। जिसके तहत 126 परिवारों को नल कनेक्शन मुहैया कराए जाएंगे।

विभाग ने कराया हाउस होल्ड सर्वेे-
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग द्वारा हिण्डौन खंड क्षेत्र में बेस लाइन सर्वे कराया है। इसमें ग्रामीण क्षेत्रों में बंद पड़ी पाइप पेयजल योजनाओं के साथ हाउस होल्ड सर्वे भी कराया गया है। इसके बाद करीब 125 गांवों के लोगों को पेयजल संकट से छुटकारा दिलाने के लिए 99 पाइप पेयजल योजनाएं चिन्हित की गई हैं। सरकार ने दो चरणों में 83 गावों के लिए 1 अरब 3 करोड़ 88 लाख 32 हजार रुपए की 61 योजनाओं की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी कर दी है। तकनीकी स्वीकृति मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया पूरी होगी। कार्यादेश जारी होने के छह माह की समयावधि में काम पूरा कराया जाएगा।

इनका कहना है-
जल जीवन मिशन योजना के तहत सरकार द्वारा दो चरणों मे क्षेत्र के 83 गांवों के लिए 61 पेयजल योजनाओं की स्वीकृति जारी की जा चुकी है। तकनीकी स्वीकृति के बाद निविदा प्रक्रिया होगी। संवेदक को छह माह के अंदर कार्य पूरा कर घरों तक नलों से जल पहुंचाना सुनिश्चित करना होगा।
- रविन्द्र मीणा, अधिशासी अभियंता जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, हिण्डौनसिटी।

Anil dattatrey Reporting
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