अवैध निर्माण हटाने मुख्यमंत्री के निर्देश, कई घंटे चला ड्रामा, पुलिस न मिलने से नहीं हटा, देखें वीडियो

अतिक्रण हटाने पहुंची ननि टीम, पुलिस न होने का हवाला देकर बगैर कार्रवाई लौटी, बालगंगाधर तिलक वार्ड में अवैध निर्माण का मामला, दो घंटे तक चलता रहा ड्रामा, नगर निगम की कार्रवाई पर उठ रहे सवाल

By: balmeek pandey

Published: 06 Jan 2021, 09:58 AM IST

Katni, Katni, Madhya Pradesh, India

कटनी. अवैध अतिक्रमण और भू-माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद भी नगर निगम का अमला दिखावे की कार्रवाई कर रहा है। शहर में जमकर अवैध निर्माण हो रहे हैं, इससे नगर निगम को करोड़ों रुपए के राजस्व की क्षति पहुंच रही है। नगर निगम, पुलिस में आपसी सामंजस्य ना होने के कारण अवैध निर्माण पर कार्रवाई भी नहीं हो पा रही। ऐसा ही एक नमूना मंगलवार को एक बार फिर सामने आया। नगर निगम की टीम बाल गंगाधर तिलक वार्ड पन्ना के तिराहा के समीप रमेश खंडेलवाल द्वारा बगैर अनुमति के निर्माण कार्य कराया गया है। लगभग 45 बाइ 100 वर्ग फीट में निर्माण बिना अनुमति के कराया गया है। इस पर संतोष कुमार दुबे बतौर किराएदार को व छोटे बाई संजय खंडेलवाल को नगर निगम द्वारा नोटिस दिया गया था। वहीं इस मामले में शिकायत शिव नारायण गुप्ता द्वारा यह भी की गई है कि जमीन पर कब्जा है यह जमीन उनकी है, हालांकि यह प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है। आज जब नगर निगम की टीम कार्रवाई करने के लिए पहुंची तो मौके पर लोगों का मजमा लग गया। रमेश खंडेलवाल, संतोष दुबे आदि के द्वारा मौके पर बड़ी मात्रा में भीड़ एकत्रित कर ली गई। तर्क दिया गया कि मलबा हटवाने के लिए लेबर पहुंची है, जबकि कार्रवाई का विरोध करने लोग एकत्रित हो रहे थे।

यह चला घटनाक्रम
मौके पर उपयंत्री पवन श्रीवास्तव टीम के साथ काफी देर तक पुलिस का इंतजार करते रहे। लेकिन पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। पवन श्रीवास्तव ने कहा कि पुलिस ना मिलने के कारण आज कार्रवाई नहीं हो पा रही। इस दौरान कुठला थाना से एक आरक्षक भी सिविल ड्रेस में पहुंचे और घटनाक्रम को मोबाइल में कैद कर वापस चले गए। जबकि नगर निगम का दावा है कि अनुज्ञा शाखा के पत्र क्रमांक 4086 के माध्यम से 31 दिसंबर को कुठला थाना प्रभारी को कार्रवाई के दौरान पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध कराने कहा गया है। बता दें कि पुलिस एक ओर जहां सोशल मीडिया में यह दावा करती रही कि उन्हें नगर निगम से पत्र नहीं मिला तो वहीं नगर निगम ने 2 फरवरी को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पत्र रिसीव कराने की जानकारी व प्रमाण दे रहा है। पुलिस-नगर निगम में आपसी तालमेल न होने के कारण माफिया राज कर रहे हैं।

इनका कहना है
कार्रवाई के दौरान पुलिस बल मुहैया कराने के लिए नगर निगम से कोई पत्र प्राप्त नहीं हुआ और ना ही कोई सूचना थी। यदि ननि वाले पत्र दिए हैं तो वह दिखाएं। बेवजह इंजीनियर द्वारा पुलिस के न आने की बात कह रहे हैं।
विपिन सिंह, थाना प्रभारी कुठला।

पन्ना मोड़ के समीप अवैध निर्माण हटाने के लिए नोटिस दिया गया था। पुलिस के न पहुंचने के कारण कार्रवाई नहीं की गई है। इस मामले में फिर से कार्रवाई की जाएगी। अन्य अवैध निर्माणों को भी तोड़ा जाएगा।
सत्येंद्र धाकरे, आयुक्त नगर निगम।

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned