खाद्य उत्पादों पर जीएसटी पोस्ता व्यवसायी संगठन के पदाधिकारी अनिल सिंह पटेल ने कहा कि सरकार ने खाने के लगभग सभी उत्पादों पर जीएसटी लगा दिया है। इसके कारण आटा से लेकर दाल और गुड़ तक महंगा हो गया है। सोमवार से नए प्रावधान लागू होने के बाद कई उत्पादों की कीमतों में तेजी दर्ज हो गई जो 5 प्रतिशत से भी ज्यादा है। नए प्रावधानों के तहत 25 किलो से ज्यादा के प्री पैक्ड खाद्यान्न पर जीएसटी नहीं लगाया गया है। इसके साथ ही खुदरा विक्रेताओं की ओर से पैक्ड फूड आइटम पर जीएसटी नहीं लगेगा। पैकेट पैक्ड आटा, दूध, दही लस्सी में जीएसटी लागू होने से आम आदमी पर खर्च का बोझ और बढ़ गया है।
व्यापारी, आमजन ने बयां की पीड़ा जीएसटी लागू होने से आम जनता के साथ दुकानदार भी परेशान हैं। कपड़ा व्यवसायी दीपू तिवारी ने बताया कि हाल ही घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में बढ़ोतरी हुई और अब इन चीजों पर जीएसटी शुरू हो गया। उन्होंने कहा कि महंगाई के इस दौर में आम उपभोक्ता की जेब पर और बोझ सरकार ने डाल दिया है। गिफ्ट आइटम के व्यवसायी बड़ाबाजार निवासी राजस्थान प्रवासी हंसमुख श्रीमाली ने बताया कि कुछ समय पहले पैकेट पैक दूध के दाम बढ़े थे। अब जीएसटी लगने से एक बार फिर दाम बढ़ेंगे। इससे मध्यम वर्गीय परिवार पर सबसे ज्यादा असर होगा।
मूल्य वृद्धि बेलगाम उधर, गृहिणी दुर्गा व्यास ने बताया कि आय स्थिर है लेकिन सामान के दाम बेलगाम होने से व्यय अस्थिर हो गया है। खर्च के अनुपात में आमदनी नहीं बढ़ रही। इसी तरह निजी प्रतिष्ठान में काम करने वाले वरुण कुमार ने कहा कि घर चलाना पहले ही मुश्किल हो रहा था और अब रही सही कसर भी पूरी हो गई। बड़ाबाजार में सूटिंग शर्टिंग के दुकानदार विष्णु शर्मा ने बताया कि महंगाई से आम जनता त्रस्त है, इस पर काबू पाने के लिए हरसंभव कोशिश करनी चाहिए।