West Bengal: शहीद सभा से ममता देंगी बैलेट लाओ लोकतंत्र लौटाओ का नारा

West Bengal: शहीद सभा से ममता देंगी बैलेट लाओ लोकतंत्र लौटाओ का नारा

Manoj Kumar Singh | Publish: Jul, 20 2019 11:05:52 PM (IST) Kolkata, Kolkata, West Bengal, India

राजनीति में काला धन रोकने के लिए चुनाव प्रक्रिया में सुधार को बताया जरूरी

 

अमेरिका, इंग्लैण्ड, जर्मनी और फ्रांस जैसे देश इवीएम से चुनाव कराना बंद कर वापस वैलेट पेपर से कराते हैं चुनाव
कोलकाता

मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी रविवार को होने वाली शहीद सभा में बैलेट पेपर लाओ लोकतंत्र लौटाओ और राजनीति को स्वच्छ बनाने के लिए चुनावी प्रक्रिया में सुधार लाने की आवाज बुलंद करेगी। कोलकाता के विक्टोरिया हाउस के सामने शनिवार शाम को शहीद सभा मंच की तैयारी का मुआयना करने आई ममता बनर्जी ने इसका साफ संकेत दिया।
शहीद सभा की पूर्व संध्या पर करीब आधे घंटे तक सभा मंच का मुआयना करने के बाद ममता बनर्जी ने कहा कि जहां चुनाव में सबसे पहले इवीएम का इस्तेमाल किया गया वहां उसका इस्तेमाल बंद कर दिया गया। अमेरिका, इंग्लैण्ड, जर्मनी और फ्रांस जैसे देश इवीएम से चुनाव कराना बंद कर वापस वैलेट पेपर से चुनाव कराते हैं। इसलिए हम भी यहां बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग करते हैं। बैलेट पेपर लाओ लोकतंत्र लौटाओ हमारा नारा होगा।

अपनी पहली शहीद सभा में भी ममता बनर्जी ने चुनाव प्रक्रिया में बदलाव लाने के लिए चुनाव आयोग और राज्य की तत्कालीन सत्ताधारी वाम मोर्चा और केन्द्र की कांग्रेस सरकार पर चोट करते हुए नो वोटर आई कार्ड नो वोट का नारा दिया था। इस दिन शाम को एक सवाल के जवाब में ममता बनर्जी ने कहा कि अगर राजनीति को स्वच्छ बनाना है तो राजनीति में काले धन को रोकने और लोकतंत्र को मजबूती से बहाल करने के लिए चुनावी प्रक्रिया में सुधार की बहुत ही जरूरत है। इसके बिना राजनीति को स्वच्छ नहीं बनाया जा सकता।
- सभी दलों को कार्यक्रम करने का अधिकार

शहीद सभा के पूर्व संध्या पर ममता बनर्जी ने रेल मंत्रालय की ओर से अन्य दिनों की तरह रविवार को भी ट्रेन यातायात सामान्य रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि सभी राजनीतिक दलों को रैली और सभा करने का अधिकार है। अन्य दिनों की तरह शहीद सभा के दिन भी सामान्य तौर से ट्रेन चलानी चाहिए। किसी पार्टी के कार्यक्रम होने पर ट्रेन की संख्या कम नहीं करना उचित नहीं है। वे जब रेल मंत्री थी तब किसी भी पार्टी के कार्यक्रम होने पर वे सामान्य रुप से ट्रेन चलवाती थीं।

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned