ठिठुरता हुआ दिल दे रहा दगा

सर्दी अपने तेवर दिखा रहे है। शहर समेत ग्रामीण क्षेत्र में कड़ाके की सर्दी गिर रही है। नश्चतर सी चुभती सर्दी तीर से दिल में भी उतर रही है। कोटा के विभिन्न अस्पतालों में गर्मी के अपेक्षा सर्दी में 20 से 25 फीसदी हार्ट अटैक के रोगी बढ़े है।

 

 

 

By: Abhishek Gupta

Published: 18 Dec 2020, 11:58 AM IST

कोटा. सर्दी अपने तेवर दिखा रहे है। शहर समेत ग्रामीण क्षेत्र में कड़ाके की सर्दी गिर रही है। नश्चतर सी चुभती सर्दी तीर से दिल में भी उतर रही है। कोटा के विभिन्न अस्पतालों में गर्मी के अपेक्षा सर्दी में 20 से 25 फीसदी हार्ट अटैक के रोगी बढ़े है। अस्पतालों के आउटडोर में भी दिल थामे पहुंचने वालों की कतार लम्बी हो गई है।

हाड़कंपाती सर्दी शरीर के हर अंग पर हमला करती है। यदि तापमान कम हो जाए तो इसके जद में दिल भी आ जाता है। वैसे सर्दी में बुजुर्गों को अधिक खतरा है, लेकिन अब युवा वर्ग भी शिकार होने लगे है। ऐसे में जाड़े के मौसम में अधिक सावधानी बरतें तो बेहतर रहेगा। डॉक्टरों के अनुसार, जो महिलाएं मोनोपॉज से गुजर चुकी हैं, उनकी हार्मोनल प्रोटेक्शन कम होने लगती है। जिससे एस्ट्रोजन से मिलने वाली सुरक्षा भी कम हो जाती है। जिससे उन्हें हृदय रोग संबंधी शिकायतें होने लगती हैं।

क्या है हार्ट अटैक

कोरोनरी धमनी (दिल को रक्त पहुंचाने वाली रक्त वाहिका) के सिकुडऩे या ब्लॉक होने पर यह दिल को ऑक्सीजनयुक्त रक्त से वंचित कर देती है। जिससे मांसपेशी कोशिकाएं खत्म हो जाती हैं। जिससे हमारा दिल शरीर के सभी हिस्सों में पर्याप्त रक्त पंप नहीं कर पाता। इससे हार्ट अटैक होता है। ह्दय रोग विशेषज्ञ डॉ. साकेत गोयल ने बताया कि जिन मरीजों को दिल की बीमारी है, उनके लिए सर्दी सबसे खराब है। सर्दियों के दौरान सीने में बेचैनी, खूब पसीना, गर्दन हाथ, जबड़े और कंधे में दर्द या सांस की तकलीफ को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

युवा सबसे ज्यादा शिकार

विशेषज्ञों के अनुसार, हार्ट अटैक में युवा सबसे ज्यादा शिकार हो रहे है। इसमें 30 से 40 उम्र के ज्यादा सामने आ रहे है। एक-दो केस 20 वर्ष उम्र के भी आ चुके है। जबकि बुजुर्गों में 60 से अधिक उम्र के शिकार हो रहे है।

यह है बचाव

सुबह जल्दी उठकर बाहर नहीं घूमें।

ओस कम होने पर ही बाहर निकलें।

दिनभर में थोड़ा-थोड़ा आहार लें।

भारी वजन नहीं उठाएं।

तनाव मुक्त रहें।

शराब, धूम्रपान से बचे।

इनका यह कहना

सर्दी बढऩे से हार्ट अटैक के मरीजों की संख्या बढ़ी है। अन्य दिनों की अपेक्षा 20 प्रतिशत तक ह्दय रोगियों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। सर्दियों में कोलेस्ट्रॉल का स्तर सामान्य से अधिक होने की संभावना रहती है। इससे दिल के रोगों के होने का खतरा बढ़ जाता है। इन दिनों किसान खेतों में कड़ाके की सर्दी में रेलना कर रहे है। इस कारण शहर की अपेक्षा ग्रामीण क्षेत्र से अधिक रोगी आ रहे है।

डॉ. पुरुषोत्तम मित्तल, हृदय रोग विशेषज्ञ

इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाएं शहर के पार्कों में नियमित पैदल सैर एवं व्यायाम करने वाले हृदय रोगी इन दिनों सुबह घूमने के समय व एक्सरसाइज करते समय विशेष सावधानी रखें। वरिष्ठ नागरिक गर्म कपड़े पहनकर सिर व कान को ढककर पैदल सैर करें। ब्लड प्रेशर के रोगी नियमित दवाएं लेना नहीं भूलें। उन्हें रक्त को पतला करने वाली दवा लेना बहुत जरुरी है।अपने इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाएं रखें।

- डॉ. अतुल राठौर, हृदय रोग विशेषज्ञ

Abhishek Gupta
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned