Johnson एंड Johnson की वजह से महिलाओं को हुआ कैंसर, भरा 3.2 लाख करोड़ रुपए का हर्जाना

Johnson एंड Johnson की वजह से महिलाओं को हुआ कैंसर, भरा 3.2 लाख करोड़ रुपए का हर्जाना

Manish Ranjan | Publish: Jul, 13 2018 05:39:38 PM (IST) | Updated: Jul, 14 2018 08:51:39 AM (IST) कॉर्पोरेट

इस कंपनी का पाउडर लगाने से एक दो नहीं बल्कि पूरे 22 बच्चों के परिवार को नुकसान पहुंचा है और उनके परिवार को कैंसर जैसी बीमारी का सामना करना पड़ा है।

नई दिल्ली। बच्चों के सबसे भरोसेमंद ब्रांड ने मासूमों की जान के साथ खिलवाड़ किया है। इस कंपनी का पाउडर लगाने से एक दो नहीं बल्कि पूरे 22 बच्चों के परिवार को नुकसान पहुंचा है और उनके परिवार को कैंसर जैसी बीमारी का सामना करना पड़ा है। इसी के तहत अमेरिका में गुरुवार को एक जूरी ने जॉनसन एंड जॉनसन को 22 महिलाओं और उनके परिवारों को नुकसान पहुंचाने पर 4.69 अरब डॉलर भुगतान करने का आदेश दिया, जिन्होंने दावा किया था कि कंपनी के टैल्कम पाउडर उत्पादों से उन्हें ओवेरियन कैंसर हो गया। समाचार एजेंसी एफे ने बताया कि सेंट लुइस, मिसौरी में जूरी द्वारा दिए गए मुआवजे को क्षतिपूर्ति के तौर पर 55 करोड़ डॉलर और दंडात्मक हर्जाने के तौर पर 4.14 अरब डॉलर में बांटा गया है।

कंपनी को अब तक का सबसे बड़ा नुकसान

इसी तरह के 9,000 मामलों का सामना करने वाले जॉनसन एंड जॉनसन के लिए यह अब का सबसे बड़ा नुकसान है।अभियोगियों, जिनमें से छह की पहले ही मौत हो चुकी है, ने आरोप लगाया कि बच्चों के उत्पाद कंपनी के टैल्कम पाउडर में एस्बेस्टस पाया गया और 1970 के दशक से उनमें ओवेरियन कैंसर होने का कारण बना। जॉनसन एंड जॉनसन ने फैसले के खिलाफ अपील करने की घोषणा की है। उसने अपनी दलील में कहा है कि टैल्कम पाउडर में एस्बेस्टस नहीं है या कैंसर कारक पदार्थ नहीं हैं।

भारत में खूब इस्तेमाल होता है यह पाउडर

आपको बता दें कि केवल विदेशों में ही नहीं बल्कि भारत में भी जॉनसन एंड जॉनसन बेबी पाउडर का खूब इस्तेमाल किया जाता है। अधिकतर परिजन अपने बच्चों के लिए इस ब्रांडेड पाउडर का धड़ल्ले से उपयोग करते हैं। आपको बता दें कि इससे पहले भीअमेरिका के मिसौरी में एक अदालत ने एक मामले में इस कंपनी पर 72 मिलियन का जुर्माना लगाया था। जिसमें ये बताया गया था कि पाउडर के इस्तेमाल से गर्भाशय कैंसर (ovarian cancer) का खतरा हुआ है।

 

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