राजधानी में एक ऐसा मंदिर जहा पर माता दुर्गा के सभी रूपों के होते हैं दर्शन, पढ़िए पूरी खबर

अद्वितीय आस्था केंद्र 51 शक्तिपीठ तीर्थ, यहाँ सुलभ हैं माता के समस्त रूपों के दर्शन

By: Ritesh Singh

Published: 16 Oct 2020, 08:53 PM IST

लखनऊ : नवरात्र पर 51 शक्तिपीठ तीर्थ की दिव्य और पावन छटा देखते ही बनती है। इस बार यहाँ मनाये जाने वाले नवरात्र महोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में अपूर्व उत्साह है। इस तीर्थ का आकर्षण ऐसा है कि दूर-दूर से श्रद्धालु माता के दर्शन करने सहज ही खिंचे चले आते हैं। नवरात्र के समय यहाँ माता के विविध रूपों के दिव्य दर्शन पाकर श्रद्धालु अभिभूत हो जाते हैं।

इक्यावन शक्तिपीठ तीर्थ: परिचय और दर्शन

शक्ति और शाक्त चिन्तन, अनुशीलन और आराधन का अद्वितीय स्थल है लखनऊ स्थित 51 शक्तिपीठ तीर्थ। 51 शक्तिपीठों की पावन रज से सुशोभित यह तीर्थ शक्ति साधकों और उपासकों की अगाध आस्था का केन्द्र बन है। शक्ति और भक्ति का समन्वय यहाँ के कण-कण में विद्यमान है। तीर्थ की संकल्पना से लेकर सृजन तक की सम्पूर्ण विषय-वस्तु, शास्त्रोचित, सिद्धान्तपरक, व्यावहारिक और ज्ञान-विज्ञान सम्मत है। परमश्रद्धेय पं. रघुराज दीक्षित 'मंजु' और उनकी सहधर्मिणी पुष्पा दीक्षित का एक पावन विचार और संकल्प विगत 19 वर्षों में साकार होकर शक्ति के दिव्य एवं विलक्षण तीर्थ के रूप में अपनी पहचान स्थापित कर चुका है।

प्रवेशद्वार : शक्ति पीठ तीर्थ में प्रवेश करते ही दाहिने तरफ नर्मदेश्वर महादेव विद्यमान हैं। तदुपरान्त गर्भगृह का प्रवेश द्वार है। प्रवेश द्वार पर विघ्नहर्ता गणेश स्थापित हैं। द्वार पर आमने-सामने स्थापित हाथी के मस्तकयुक्त सूँड़ आकर्षित करते हैं। द्वार की पाँच सीढ़ियाँ चढ़कर गर्भगृह में प्रवेश करते ही सम्मुख तपस्विनी माता पार्वती की भव्य मूर्ति के दर्शन होते हैं।

Show More
Ritesh Singh
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned