20 अप्रैल से खुलेंगे सभी सरकारी कार्यालय, योगी सरकार ने जारी की एडवाइजरी

लॉकडाउन के बीच केंद्र सरकार ने 20 अप्रैल से कुछ जरूरी शर्तों के साथ कुछ सेवाओं को शुरू करने की अनुमति दी है। इस बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने 20 अप्रैल से सरकारी ऑफिस को खोले जाने को लेकर एडवाइजरी जारी की है

By: Karishma Lalwani

Updated: 18 Apr 2020, 02:47 PM IST

लखनऊ. लॉकडाउन (LOCKDOWN) के बीच केंद्र सरकार ने 20 अप्रैल से कुछ जरूरी शर्तों के साथ कुछ सेवाओं को शुरू करने की अनुमति दी है। इस बीच उत्तर प्रदेश सरकार (UP GOVERNMENT) ने 20 अप्रैल से सरकारी ऑफिस को खोले जाने को लेकर एडवाइजरी जारी की है। इसमें कहा गया है कि सरकारी दफ्तरों में विभागाध्यक्ष या कार्यालयाध्यक्ष और समूह 'क' व 'ख' के सभी अधिकारी मौजूद रहेंगे। कार्यालयों में प्रत्येक कार्यदिवस में समूह 'ग' और 'घ' के 33 प्रतिशत तक कार्मिकों को बुलाया जाएगा। एडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि पुलिस होम गार्ड, सिविल डिफेंस,अग्निशमन, आवश्यक सेवाएं आपदा प्रबंधन, कारागार और नगर निकाय पहले की तरह ही काम करेंगे। सरकारी कार्यालय खोले जाने का निर्णय हॉटस्पॉट वाले क्षेत्रों के लिए नहीं है। संक्रमण से प्रभावित क्षेत्रों में कार्यालयों को बंद करने के बारे में जिला प्रशासन अपने स्तर से निर्णय लेगा।

33 प्रतिशत कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य

एडवाइजरी में कहा गया है कि 33 प्रतिशत कर्मचारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करवाने की व्यवस्था की जाए। रोस्टर के जरिए कर्मचारियों को दफ्तर बुलाया जा सकता है। समूह 'ग' और 'घ' के कर्मचारियों को बुलाने के लिए रोस्टर ऐसे तैयार किया जाएगा, जिससे कि कर्मचारी अल्टरनेट दिन कार्यालय आएं लेकिन इससे सरकारी काम में बाधा न पहुंचे। मुख्य सचिव राजेंद्र कुमार तिवारी के इस संबंध में निर्देश जारी किया है। निर्देश के तहत, रोस्टर के अनुसार घर से काम करने वाले कर्मचारी मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक साधनों के जरिये दफ्तर के संपर्क में रहेंगे। जरूरत पड़ने पर उन्हें ऑफिस बुलाया जाएगा। जिला प्रशासन व ट्रेजरी के कार्यों के लिए भी आवश्यकतानुसार कर्मचारियों को बुलाया जाएगा। इस दौरान कार्यालय में भी सोशल डिस्टेंसिंग का पूरी तरह से पालन किया जाएगा। ड्यूटी के दौरान कर्मचारी मास्क का उपयोग करेंगे। कार्यालय में सैनेटाइजर की उपलब्धता भी जरूरी होगी।

पहले की तरह ये विभाग करेंगे काम

पुलिस, होमगार्ड, सिविल डिफेंस, अग्निशमन, आकस्मिक सेवाएं, आपदा प्रबंधन, कारागार और नगर निकाय बिना किसी प्रतिबंध के कार्य करते रहेंगे। प्राणि उद्यानों और पौधशालाओं के संचालन व प्रबंधन, जंगलों में अग्निरोधी उपायों, पेट्रोलिंग और आवश्यक वाहन सेवाओं से जुड़े वन विभाग के कार्मिक अपना काम करते रहेंगे। यह दिशानिर्देश उन कर्मचारियों पर लागू नहीं होंगे जो आवश्यक और आकस्मिक सेवाओं से जुड़े हैं और कोविड-19 की रोकथाम में प्रत्यक्ष रूप से जुड़े हैं या जिनके लिए गृह मंत्रालय ने अलग से निर्देश दिये हैं।

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