दुर्दांत हत्यारा विकास दुबे की संदिग्ध गिरफ्तारी की सीबीआई जाँच हो: अजय कुमार लल्लू

( Uttar Pradesh Congress Committee) प्रदेश में जंगलराज, सत्ता की शह पर फलफूल रहे हैं अपराधी

By: Ritesh Singh

Updated: 09 Jul 2020, 09:14 PM IST

लखनऊ, Uttar Pradesh Congress Committee ने प्रदेश में बढ़ रहे अपराध और ध्वस्त होती कानून व्यवस्था के बीच आज कानपुर में पुलिस कर्मियों की जघन्य हत्याकांड को अंजाम देने वाले विकास दुबे की स्क्रिप्टेड संदिग्ध गिरफ्तारी पर सवाल उठाया। पूरे प्रकरण की सीबीआई जाँच की मांग करते हुए कहा कि प्रदेश में अपराधियों को सत्ता का खुला संरक्षण प्राप्त है। अभी हाल में कानपुर में जो हुआ है उससे प्रदेश सरकार का चाल, चरित्र और चेहरा बेनकाब हो गया है।

उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के Chairman Ajay Kumar Lallu ने आज जारी बयान में विकास दुबे की उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर परिसर से हुयी संदिग्ध गिरफ्तारी कि CBI की मांग उठाते हुए कहा कि पूरा प्रदेश जंगलराज में तब्दील हो गया है। Yogi Adityanath से प्रदेश की कानून व्यवस्था संभल नहीं रही है। कानून व्यवस्था दिन बा दिन लचर होती जा रही है। अपराधियों के हौंसले बुलंद है । जारी बयान में State President Ajay Kumar Lallu ने कई सवाल उठाते हुए योगी सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि प्रदेश में जंगलराज का यह आलम है कि आला अफसर-पुलिस के आपराधिक गठजोड़ के चलते अपराध फल फूल रहा है।

उन्होंने विकास दुबे की ‘स्क्रिप्टेड संदिग्ध गिरफ्तारी’ और उससे जुड़े हुए कुछ सवाल उठाये हैं

1.जब सूबे की पूरी सीमा सीज थी। बड़ी तादाद में एजेंसियों और पुलिस टीम लगी थी तो विकास दुबे उज्जैन कैसे पहुंच गया? इसकी जांच होनी चाहिए।

2. उत्तर प्रदेश सरकार को जबाब देना चाहिए कि विकास दुबे के प्रकरण में जिन लोगों का नाम समाने आया है उनकी जांच होनी चाहिए।

3. पुलिस से विकास दुबे की साठगांठ सबके सामने है। एक बड़े पुलिस अधिकारी को हटाया भी गया है जिसके साथ विकास के सहयोगी जय वाजपेयी की तस्वीर वायरल हुई थी, उसी से जुड़ी तस्वीर पंचमतल के अधिकारी के साथ भी है। भाजपा के विधायक और मंत्रियों की भी तस्वीरें दिखीं है। इस सब लोगों की भूमिका की जांच होनी चाहिए।

4.विकास दुबे के मोबाइल नेटवर्क की स्थिति सार्वजनिक की जाए।

5. मध्य प्रदेश के गृहमंत्री जो कि पहले कानपुर के प्रभारी रहे हैं उनके ऊपर सवालिया निशान लग रहा है। यह भी बात सामने आई है कि अचानक महाकाल मंदिर में तैनात पुलिसकर्मियों का तबादला हुआ है। यह क्यों और कैसे हुआ इसकी जांच होनी चाहिये।

6.अक्सर यह देखा जाता है कि किसी भी बड़ी घटना के बाद पुलिस के बड़े अधिकारी प्रेस ब्रीफिंग करते हैं आखिर क्या परिस्थिति थी कि मध्यप्रदेश के गृहमंत्री ने प्रेस ब्रीफिंग किये। उन्होंने कहा यह सारे सवाल आवाम के जेहन में उठ रहा है। सरकार को जवाब देना चाहिए।

Show More
Ritesh Singh
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned