तबादले के लिए दर दर भटकते थे शिक्षक :उप मुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा

तबादले के लिए दर दर भटकते थे शिक्षक :उप मुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा

Ritesh Singh | Updated: 14 Jul 2019, 09:13:34 PM (IST) Lucknow, Lucknow, Uttar Pradesh, India

मनमानी फ़ीस पर रोक

लखनऊ , राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ उत्तर प्रदेश द्वारा एसआर ग्रुप आफ इंस्टीट्यूशंस के सभागार में गुरु वंदन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेश के उप मुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा के क्षेत्र में असरदार कार्य कर रही है। 2 वर्ष के कार्यकाल में नकल व नकल माफियाओं को समाप्त करके नकल विहीन परीक्षा कराने का कार्य किया है।

तबादले के लिए डर डर भटकते थे शिक्षक

परीक्षा केंद्रों के चयन व शिक्षकों की स्थानांतरण नीति को आधुनिक तकनीक से पारदर्शी बनाया गया है। शिक्षक समुदाय अपने तबादले को लेकर दर-दर भटकता था जिसे अब मोबाइल के द्वारा आसान कर दिया गया है। उसके स्थान तरण की जानकारी उसको अपने ही घर पर मोबाइल से मिल जाती है। सरकार शिक्षा ने आमूल चूल परिवर्तन करने के लिए महंगी पुस्तकों को रोकने के लिए एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम को लागू करके सस्ती पुस्तके उपलब्ध कराने का कार्य किया।

मनमानी फ़ीस पर रोक

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा विस्तार के लिए 2 वर्ष में 205 नए विद्यालय व 47 महाविद्यालय स्थापित कर उनमें शिक्षण कार्य प्रारंभ कर दिया गया। उन्होंने कहा उच्च शिक्षा के क्षेत्र में शोध गंगा पोर्टल खोल कर तथा दीनदयाल उपाध्याय शोध केंद्रों की स्थापना करके परिवर्तन के दौर को जारी रखा गया। फीस अधिनियम बनाकर मनमानी फीस वसूलने के कार्य पर रोक लगाई गई है तथा निजी विश्वविद्यालय अधिनियम बनाया गया है जिससे निश्चित ही शिक्षा का प्रवाह तेज होगा। यह सारे परिवर्तन धीरे-धीरे परिणाम की ओर बढ़ रहे हैं। डॉ दिनेश शर्मा ने कहा कि गुरु ज्ञान व समर्पण की पहचान है । वह शिक्षक को कुल मानते हैं। पवित्र मानते हैं। महासंघ द्वारा समय-समय पर जो भी मार्गदर्शन दिया जा रहा है सरकार उसको धीरे-धीरे अमल पर लाने का प्रयास कर रही। महासंघ की मांग पर ही अशासकीय महाविद्यालयों के 1000 शिक्षकों को नियमित किया गया है।

नई शिक्षा नीति में ऐसे परिवर्तनों का समावेश

गुरु वंदन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री ओमपाल ने कहा कि हमारा यह संगठन देश के शिक्षकों के साथ है और शिक्षा व शिक्षक समाज व सरकार के बीच समन्वय स्थापित करने का कार्य करता है। जिला इकाइयों से जुलाई माह में गुरु वंदन कार्यक्रम जनवरी माह में कर्तव्य बोध व भारतीय नव संवत्सर में राष्ट्र गौरव दिवस मनाने और कार्यक्रम आयोजित करने की मौजूद पदाधिकारियों से अपील की। महासंघ उच्च शिक्षा के राष्ट्रीय प्रभारी महेंद्र कुमार ने कहा कि यह संगठन नई शिक्षा नीति में ऐसे परिवर्तनों का समावेश रखना चाहता है जिससे शैक्षिक वातावरण और शिक्षक की कार्य दशाओं वह क्षमता में व्यापक सुधार हो।

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