scriptKing George's Medical University Latest News | KGMU के छात्र के शोध से 'जटिल फ्रैक्चर' से पीड़ित मरीजों के लिए उम्मीद जगी | Patrika News

KGMU के छात्र के शोध से 'जटिल फ्रैक्चर' से पीड़ित मरीजों के लिए उम्मीद जगी

राफ्ट का उपयोग आमतौर पर जटिल फ्रैक्चर में हड्डी के हिस्से को बदलने के लिए किया जाता है। जहां एक हिस्सा या तो गायब होता है या उसे बाहर निकालना पड़ता है।

लखनऊ

Updated: March 21, 2022 03:05:10 pm

लखनऊ, किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में एक छात्र द्वारा किए गए एक शोध से अत्यधिक जटिल फ्रैक्च र वाले मरीजों को जल्दी ठीक होने में मदद मिलेगी। इस शोध ने हड्डी निर्माण प्रक्रिया को प्रोत्साहित करने का एक तरीका खोजा है। केजीएमयू में ओरल मैक्सिलोफेशियल विभाग की पीएचडी छात्रा डॉ शिल्पा त्रिवेदी ने अपने अध्ययन में पाया है कि टूथ पल्प से प्राप्त स्टेम सेल बोन ग्राफ्ट में हड्डियों के निर्माण की प्रक्रिया को तेज कर सकते हैं। ग्राफ्ट का उपयोग आमतौर पर जटिल फ्रैक्चर में हड्डी के हिस्से को बदलने के लिए किया जाता है। जहां एक हिस्सा या तो गायब होता है या उसे बाहर निकालना पड़ता है।
KGMU के छात्र के शोध से 'जटिल फ्रैक्चर' से पीड़ित मरीजों के लिए उम्मीद जगी
KGMU के छात्र के शोध से 'जटिल फ्रैक्चर' से पीड़ित मरीजों के लिए उम्मीद जगी
अपने अध्ययन में उन्होंने टूथ पल्प से स्टेम सेल निकाले और उन्हें छह सप्ताह तक बढ़ने देने के लिए कल्चर किया। बाद में, उनके प्रभाव की निगरानी के लिए उन्हें बोन ग्राफ्ट में ट्रांसफ्यूज किया गया। 21 दिनों के लिए नमूने की निगरानी की गई और प्रक्रिया को स्टेम कोशिकाओं के विभिन्न अनुपातों के साथ दोहराया गया। त्रिवेदी ने कहा यह आशा देता है कि जिन रोगियों में बोन ग्राफ्टिंग की जरूरत है। वे तेजी से ठीक हो सकते हैं।
अध्ययन 2021 में निप्पॉन डेंटल यूनिवर्सिटी, जापान के जर्नल ऑफ ओडोन्टोलॉजी में प्रकाशित हुआ था। इसके लिए डॉ शिल्पा त्रिवेदी को केजीएमयू के सालाना रिसर्च शोकेस में बेस्ट पीएचडी थीसिस अवॉर्ड से भी नवाजा गया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि चूंकि यह एक प्रयोगशाला-नियंत्रित अध्ययन था। इसलिए जानवरों की आगे की जांच की जानी है।
ओरल मैक्सिलोफेशियल विभाग में उनकी मेंटर और फैकल्टी प्रोफेसर दिव्या मल्होत्रा ने कहा जानवरों पर ट्रायल पास करने के बाद ही मानव परीक्षण शुरू होगा और अगर सफल पाया जाता है। तो यह जटिल फ्रैक्चर के रोगियों के लिए वरदान हो सकता है।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

बड़ी खबरें

सीएम Yogi का बड़ा ऐलान, हर परिवार के एक सदस्य को मिलेगी सरकारी नौकरीचंडीमंदिर वेस्टर्न कमांड लाए गए श्योक नदी हादसे में बचे 19 सैनिकआय से अधिक संपत्ति मामले में हरियाणा के पूर्व CM ओमप्रकाश चौटाला को 4 साल की जेल, 50 लाख रुपए जुर्माना31 मई को सत्ता के 8 साल पूरा होने पर पीएम मोदी शिमला में करेंगे रोड शो, किसानों को करेंगे संबोधितराहुल गांधी ने बीजेपी पर साधा निशाना, कहा - 'नेहरू ने लोकतंत्र की जड़ों को किया मजबूत, 8 वर्षों में भाजपा ने किया कमजोर'Renault Kiger: फैमिली के लिए बेस्ट है ये किफायती सब-कॉम्पैक्ट SUV, कम दाम में बेहतर सेफ़्टी और महज 40 पैसे/Km का मेंटनेंस खर्चIPL 2022, RR vs RCB Qualifier 2: पावर प्ले में बैंगलोर ने बनाए 1 विकेट के नुकसान पर 46 रनपूर्व विधायक पीसी जार्ज को बड़ी राहत, हेट स्पीच के मामले में केरल हाईकोर्ट ने इस शर्त पर दी जमानत
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.