कल से चलेंगी रेलवे परीक्षा स्पेशल ट्रेनें, देखिये कितने बजे किस स्टेशन पर पहुंचेगी गाड़ी

रेलवे भर्ती बोर्ड की परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए 20 जनवरी से परीक्षा स्पेशल ट्रेन चलाई जाएगी।

लखनऊ. रेलवे भर्ती बोर्ड की परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए 20 जनवरी से परीक्षा स्पेशल ट्रेन चलाई जाएगी। यह ट्रेनें गोरखपुर से लखनऊ के बीच चलेंगी। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि 20, 21 व 22 जनवरी को परीक्षा है। अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला किया है। ट्रेन संख्या 05083 गोरखपुर लखनऊ परीक्षा स्पेशल गोरखपुर से रात 9:30 बजे रवाना होकर 10:10 पर खलीलाबाद, 10:40 बजे बस्ती रात 12:15 बजे गोंडा, रात 2:45 बजे बाराबंकी वह सुबह 4:00 बजे लखनऊ जंक्शन पहुंच जाएगी। वहीं वापसी में ट्रेन संख्या 05084 लखनऊ गोरखपुर परीक्षा स्पेशल ट्रेन लखनऊ जंक्शन से शाम 7:30 बजे रवाना होकर रात 8:25 पर बाराबंकी, रात 9:45 बजे गोंडा, रात 11:00 बजे बस्ती, रात 11:35 बजे खलीलाबाद, 1:00 बजे गोरखपुर पहुंचेगी। ट्रेन में जनरल के 14, दो लगेज सहित कुल 16 बगिया होंगी। पढ़िये प्रदेश की अन्य प्रमुख खबरें...

लखनऊ से कुंभ स्पेशल बसें 20 से

प्रयागराज कुंभ मेला का द्वितीय स्नान पर्व पौष पूर्णिमा 21 जनवरी को है। प्रशासन ने तीर्थ यात्रियों की संख्या-55 लाख के आसपास जुटने की संभावना जताई हैं। इसके मद्देनजर परिवहन निगम की ओर से लखनऊ से प्रयागराज जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए आलमबाग, चारबाग एवं कैसरबाग बस स्टेशन से लगभग 30 मिनट के अंतराल पर बस सेवा उपलब्ध रहेगी। ये बसें प्रयागराज के देव प्रयाग (रूदापुर) अस्थाई बस स्टेशन एवं बेला कछार, पार्किंग स्थल तक ही जाएगी। वहां से श्रद्धालुओं को कुंभ मेला के संगम स्थल के निकट तक जाने के लिए सिटी बसें शटल बस सेवा के रूप में यात्रियों को नि:शुल्क उपलब्ध रहेंगी। जिससे शहर में विभिन्न पार्किंग स्थल से मेला क्षेत्र तथा शहर के अन्दर आने वाले समस्त तीर्थ यात्रियों विशेषकर महिला एवं वृद्ध तीर्थ यात्रियों को विशेष सुविधा मिल सके। द्वितीय मुख्य स्नान के एक दिन पहले 20 जनवरी से एक दिन बाद 22 जनवरी तक श्रद्धालुओं को शटल बसें फ्री में मेला स्थल तक पहुंचाने व पार्किंग स्थल तक वापस लाने का काम करेगी।

9 फरवरी को 10 हजार जोड़ों के विवाह का लक्ष्य

9 फरवरी को प्रदेश में एक ही दिन 10 हजार जोड़ों के सामूहिक विवाह का लक्ष्य है। हर जिले में कम से कम 150 जोड़ों का विवाह करवाया जाए। वहीं अस्थायी गोवंश स्थल की स्थापना व संचालन के लिए 78.50 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। ये निर्देश मुख्य सचिव डा अनूप चंद्र पाण्डेय ने वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से दिए हैं। डा अनूप चन्द्र पाण्डेय ने कहा कि अगले 9 फरवरी को आयोजित सामूहिक वैवाहिक समारोह कार्यक्रम में प्रभारी मंत्रियों, सांसदों व विधायकगणों समेत अन्य प्रतिष्ठित व्यक्तियों को आमंत्रित किया जाए। कन्या के खाते में अनुमन्य धनराशि विवाह से पहले ही हस्तांतरित कर दी जाए। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में जिलों में पर्याप्त धनराशि है लेकिन फिर भी यदि धनराशि की आवश्यकता हो तो तत्काल मांग ली जाए।

 

आकांक्षा सिंह
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