बर्ड फ्लू एलर्ट के बाद चिकन व्यापार मंदा

अंडे की दुकानों में भी दिखने लगा असर

By: Mangal Singh Thakur

Published: 12 Jan 2021, 11:37 AM IST

मंडला. प्रदेश में मरे हुए कौवों में घातक वायरस पाए जाने के बाद राज्य सरकार ने राज्य में बर्ड फ्लू का अलर्ट जारी किया है। जिले में भी अलर्ट घोषित है। इसके चलते पोल्ट्री एवं पोल्ट्री उत्पाद बाजार, फॉर्म, जलाशयों एवं प्रवासी पक्षियों पर विशेष निगरानी रखने निर्देश प्रसारित कर दिया गया है। बर्ड फ्लू अलर्ट का असर पोल्ट्री व्यवसाय के साथ साथ अंडा बाजार पर भी दिखाई पडऩे लगा है। बर्ड फ्लू ने चिकन व्यवसाय को बुरी तरह से प्रभावित करना शुरू कर दिया है। हालांकि अंडा व्यापारियों का कहना है कि अंडा बाजार में इस अलर्ट का पूरा असर फिलहाल नहीं दिखाई पड़ रहा है लेकिन वे आशंकित हैं कि आज नहीं तो कल इस बाजार पर भी बर्ड फ्लू का असर अवश्य पड़ेगा।
गौरतलब है कि शहर में अंडे की 8-10 थोक दुकाने हैं इसके अलावा छोटी बड़ी 25 दुकानें हैं। अंडे से बनने वाली सामग्रियों के लगभग 45 ठेले एवं गुमटी शहर भर में है। इन सभी पर बर्ड फ्लू एलर्ट का असर दूसरे ही दिन से दिखाई पडऩे लगा है।
चिकन सेंटर पर असर
शहर में लगभग 25 चिकन सेंटर हैं। इन सभी में बर्ड फ्लू का असर दिखाई पडऩे लगा है। 25 में से 10 छोटे चिकन सेंटर्स पर दो दिनों से इक्का दुक्का खरीददार ही पहुंचे। शेष दुकानों में खरीदी 30-35 प्रतिशत तक कम हो चुकी है। चिकन सेंटर संचालक हमीद ने बताया कि प्रतिदिन उसके सेंटर से 60-70 नग चिकन विक्रय होता था। लेकिन पिछले दो दिनों से यह आंकड़ा 40-45 नग तक जा सिमटा है। इसके अलावा अन्य चिकन सेंटर संचालक मुवीन ने बताया कि उसके काउंटर में प्रतिदिन की औसतन खरीदी 80-90 चिकन रही लेकिन दो दिनों से यह 60-65 नग तक ही रही। संचालक मनोज भांगरे ने बताया कि आने वाला अगला सप्ताह बेहद खराब होने वाला है। दरअसल अभी तो शुरूआत है। जैसे जैसे दिन बीतते जाएंगे, विक्रय में कमी आना स्वाभाविक होगा।
ठेलों पर असर कम
शहर में अंडा उत्पादों के ठेले भी बड़ी संख्या में लगाए जाते हैं। नगर में लगभग 45 ठेले संचालित किए जा रहे हैं। जहां आमलेट, बॉयल एग, भुर्जी, ब्रेड सैंडविच आदि विक्रय किया जाता है। सबसे बड़े सेंटर में से एक चिलमन चौक में ठेला संचालन करने वाले मुन्ना नामदेव का कहना है कि उसके ठेले से प्रतिदिन 600 से अधिक अंडा खपत होती है। चूंकि बीच शहर में ठेला है इसलिए मात्र 5 प्रतिशत का फर्क ही समझ में आया है। शहर के नेहरू स्मारक में संचालित ठेला संचालक का कहना है कि उसके ठेले में दिन भर में 300-350 अंडों की खपत होती है। हालांकि अभी तक कोई खास फर्क नहीं पड़ा लेकिन वे भी आने वाले सप्ताह को लेकर आशंकित है।
जिले भर में असर
चिकन के थोक विक्रेता हनी का कहना है कि जिले भर में प्रतिदिन अनुमानित 1500 से 2000 नग का लेनदेन होता है। अभी सीजन उठने वाला है ऐसे में किसी किसी दिन 5000 नग से अधिक विक्रय होता है। लेकिन बर्ड फ्लू अलर्ट के दूसरे ही दिन इसमें एक तिहाई की गिरावट दर्ज की जा चुकी है। अंडा के थोक व्यापारी मनीष ने बताया कि फिलहाल अंडे के थोक व्यवसाय पर अलर्ट का असर दो से तीन प्रतिशत ही दिखाई पड़ा है। लेकिन आने वाले सप्ताह में यह गिरावट बढ़ सकती है।
फैक्ट फाइल:
* 80 रुपए दर्जन अंडा
* 200-250 रुपए नग चिकन

Mangal Singh Thakur
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned