मात्र 73 रुपए में बन से सकते हैं वॉरेन बफे और जेफ बेजोस के पार्टनर, जानिए कैसे

मात्र एक डॉलर में खरीद सकते हैं गूगल, बर्कशायर हैथवे, अमेजन और नेटफ्लिक्स जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयर्स

By: Saurabh Sharma

Updated: 25 Jan 2021, 06:40 PM IST

नई दिल्ली। बीते कुछ महीनों से घरेलू शेयर बाजार से लेकर विदेशी शेयर बाजार तक रिकॉर्ड उंचाई पर हैं। खासकर जो बाइडेन के राष्ट्रपति बनने के बाद तो बाजारों में और ज्यादा तेजी देखने को मिल रही है। ऐसे में भारतीय निवेशक भी ऐसे करोड़पति शेयरों में रुपया लगाना चाहते हैं, लेकिन उनकी कीमत इतनी ज्यादा है कि कि प्रत्येक भारतीय निवेशकों के बस में नहीं, लेकिन अब ऐसा मुमकिन हो सकता है। गूगल, बर्कशायर हैथवे, अमेजन और नेटफ्लिक्स जैसी दिग्गज कंपनियों में निवेश करने के लिए आपको लाखों रुपए खर्च करने की जरुरत नहीं पड़ेगी। बस आपको एक डॉलर यानी मात्र 73 रुपए का निवेश कर सकते हैं। आइए आपको भी बताते हैं कैसे?

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क्या है दिग्गज कंपनियों के शेयरों की एक्चुअल कीमत
अगर बात दुनिया की बड़ी कंपनियों के शेयरों की एक्चुअल की कीमत की बात करें तो वॉरेन बफे की बर्कशायर हैथवे के एक शेयर की कीमत 3.50 लाख डॉलर यानी करीब 2.6 करोड़ रुपए है। जबकि जेफ बेजोस की कंपनी अमेजन का एक शेयर 3,292 डॉलर यानी 2.4 लाख रुपए खर्च करने पड़ेंगे। वहीं बात गूगल की करें तो इसके लिए आपको 1.4 लाख रुपए खर्च करने पड़ेंगे। वहीं नेटफ्लिक्स 41,218 रुपए और माइक्रासॉफ्ट का एक शेयर खरीदने के लिए 16,479 रुपए खर्च करने पड़ेंगे।

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एक डॉलर में मिल सकती है हिस्सेदारी
लंदन की ब्रोकिंग और एडवाइजरी फर्म 'ग्लोबलाइज' इंडियन इंवेस्टर्स को इन शेयरों में सिर्फ एक डॉलर निवेश करने की सुविधा दे रही है। अगर कोई इंडियन इंवेस्टर वॉरेन बफे की कंपनी बर्कशायर हैथवे में 1 डॉलर का निवेश करते हैं, तो आपको शेयर का 1/3,50,620वां हिस्सा मिल जाएगा। इस तरह आप अपनी क्षमता के हिसाब से इन शेयरों में निवेश कर सकते हैं। शर्त सिर्फ इतनी सी है कि आपको कम से कम एक डॉलर का निवेश करना ही होगा।

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विदेशी बाजारों में पहले से ही है चलन
विदेशी बाजारों में टुकड़ों में निवेश का चलन पहले से ही चल रहा है। विदेशों में हॉर्स रेस, यॉट और एयरक्राफ्ट जैसे अधिक कीमत वाले एसेट्स में स्पिल्ट इंवेस्टमेंट की सुविधा देखने को मिलती है। अमरीकी ब्रोकर्स तकनीकी सहूलियत की वजह से इस तरह की पेशकश शेयर बाजार में भी करते हैं। कंपनी के को-फाउंडर विकास नंदा के अनुसार ऐसी कोई पांबदी नहीं है कि आपको कम से कम एक निश्चित हिस्सेदारी खरीदनी होगी। आप अपनी क्षमता के हिसाब से राशि तय कर उस 'वैल्यू' का निवेश कर सकते हैं। ऑर्डर उसी आधार पर पूरा किया जाएगा।

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