BJP को आचार संहिता उल्लंघन के मामले में बड़ा झटका, गिरफ्तारी का वारंट जारी

नोटिस के सवाल पर बीजेपी सांसद बोले कोर्ट की आंखों पर पट्टी बंधी है।

मऊ. उत्तर प्रदेश के मऊ जिले की घोसी लोकसभा सीट पर भाजपा सांसद व प्रत्याशी को ठीक चुनाव के वक्त बड़ा झटका लगा है। नामांकन के बाद आचार संहिता उल्लंघन के मामले में उनपर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है। एमपी एमएलए कोर्ट इलाहाबाद ने उनके खिलाफ गिरफ्तारी का वारंट जारी किया है। यह वारंट आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में हुआ जारी हुइ है। बीजेपी सांसद ने वारंट जारी होने के बाद कहा है कि कोर्ट की आंखों पर पट्टी बंधी है, उसे कुछ दिखायी नहीं देता।

 

2014 की मोदी लहर में जीते हरिनारायण राजभर को बीजेपी ने 2019 के चुनाव में भी घोसी लोकसभा से प्रत्याशी बनाया है। जब 2014 में मोदी लहर के दौरान हरिवंश को टिकट मिला था तो बड़े जोश से वो प्रचार में जुटे थे और जीते भी। पर इसी दौरान 8 जुलाई 2014 को वह अपने काफिले के साथ मोहम्मदाबाद गोहना कोतवाली अन्तर्गत शहीद चौक पहुंचे। उन्होंने वहां लगी शहीदों की मूर्ति पर माल्यार्पण किया। पर यह सब उन्होंने बिना परमिशन के किया था, जिसके बाद तत्कालीन स्थानीय कोतवाली प्रभारी सुरेश सिंह ने आचार संहिता के उल्लंघन मामले का मामला उनके खिलाफ दर्ज कर लिया। मुकदमा दर्ज हो गया और कोर्ट में केस भी चलने लगा, पर पांच साल में एक बार भी हरिनारायण राजभर एक बार भी कोर्ट के सामने हाजिर नहीं हुए। पांच साल तक लगातार कोर्ट में हाजिर न होने के चलते अब न्यायालय ने उनके खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए उनकी गिरफ्तारी का वारंट जारी कर दिया है।

 

इस मामले पर जब सांसद हरिनारायण राजभर से बात की गयी तो उनका कहना था कि मामला 2014 लोकसभा चुनाव के दौरान का है। कोर्ट ने नोटिस जारी किया है। इतना ही नहीं उन्होंने कोर्ट पर भी तंज कसते हुए कहा कि कोर्ट की आंखों पर पट्टी बंधी हुई है, उसे कुछ दिखायी नहीं देता। पांच वष्र बाद कोर्ट ने यह नोटिस जारी किया है।

By Vijay Mishra

Show More
रफतउद्दीन फरीद
और पढ़े
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned