डाक्टरों के हनीमून के नाम पर आयकर छूट! CAG ने किया खुलासा

डाक्टरों के हनीमून के नाम पर आयकर छूट! CAG ने किया खुलासा

कैग ने खोला कंपनियों और आयकर विभाग की मिलीभगत का चिट्ठा, डॉक्टरों के हनीमून पर मिल रही है आयकर छूट

नई दिल्ली। भारत में डॉक्टरों के हनीमून पर आयकर छूट हासिल की जा रही है। देश के 17 राज्यों में फैली दवा कंपनियों ने 171 मामलों में डॉक्टरों को दिए गए उपहारों, उनकी देश विदेश की यात्राओं के दौरान किए गए खर्च को बिक्री प्रोत्साहन योजना मद में दिखाकर आयकर विभाग से 741.24 करोड़ की कर छूट ली है।

गैरकानूनी है ऎसी छूट

दवा कंपनियों और डॉक्टरों का गठबंधन तोड़ने के लिए भारतीय चिकित्सा परिषद ने वर्ष 2002 में दवा कंपनियों की ओर से डाक्टरों को दिए जाने वाले तमाम तरह के उपहार पर रोक लगा दी थी। 10 दिसंबर 2009 को डॉक्टरों की प्रायोजित यात्राओं को गैरकानूनी घोषित कर दिया था। इस बीच केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने भी डाक्टरों पर खर्च को बिक्री प्रोत्साहन बताकर आयकर छूट पर पर रोक लगा दी। हिमाचल हाईकोर्ट भी इस रोक को सही ठहरा चुका है।

जांच से हुआ खुलासा

हाल ही संसद में पेश की गई नियंत्रक एवं महा लेखापरीक्षक (कैग) की रिपोर्ट के अनुसार सीबीडीटी के अधीन कार्यरत आयकर विभाग के खातों की जांच के दौरान यह पाया गया कि 17 राज्यों की दवा निर्माता कंपनियों ने 171 मामलों में डाक्टरों की पत्नी सहित पर्यटन स्थलों की यात्राओं, दिए गए उपहार, उपयोगी वस्तुएं, सालाना समारोह, होटल इत्यादि की बुकिंग के साथ-साथ सतत चिकित्सा शिक्षा कार्यक्रमों पर हुए खर्च को बिक्री प्रोत्साहन मद में दिखाकर 714.24 करोड़ की आयकर छूट ली। मजे की बात ये कि पत्नी सहित यात्रा के अधिकतर मामले गुजरात और महाराष्ट्र की कंपनियों के हैं। कैग ने इस मामले में आयकर अधिकारियों को भी दोषी बताया है।
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned