ICMR के वैज्ञानिक बोले- कोरोना महामारी का समाधान हो सकती है Oxford वैक्‍सीन

पुणे स्थित सीरम इंस्‍टीट्यूट ऑफ इंडिया और ICMR ने कोविड-19 वैक्‍सीन (corona vaccine) कोविशील्‍ड के फेस-3 के क्‍लीनिकल ट्रायल के लिए नामांकन की प्रक्रिया पूरी कर ली है

नई दिल्ली: दुनिया भर में कोरोना वायरस ने तबाही मचा रखी है। भारत में 86.8 लाख से अधिक लोग कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। वहीं 1.28 लाख से अधिक लोग इस वायरस की वजह से अपनी जान गवां चुके हैं। लेकिन इस बीच इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च ने एक अच्छी खबर दी है।

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दरअसल, पुणे स्थित सीरम इंस्‍टीट्यूट ऑफ इंडिया और ICMR ने आज मीडिया से बताया है कि कोविड-19 वैक्‍सीन कोविशील्‍ड के फेस-3 के क्‍लीनिकल ट्रायल के लिए नामांकन की प्रक्रिया पूरी कर ली है। मिली जानकारी के अनुसार ICMR और SII ने कोवावेक्‍स के क्‍लीनिकल विकास के लिए सहयोग किया है। इसके अलावा ICMR ने क्‍लीनिकल ट्रायल की साइट फीस की फंडिंग भी की है जबकि SII ने कोविशील्‍ड के अन्‍य खर्चो की फंडिंग की है।

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इस वैक्सीन को लेकर ICMR का कहना है कि ट्रायल के अब तक के परिणामों ने यह विश्‍वास जगाया है कि कोविशील्‍ड, कोरोना वायरस की महामारी का समाधान बन सकती है। बताया जा रहा है कि कोविशील्‍ड भारत में टेस्‍ट हुई अब तक की सबसे एडवांस वैक्‍सीन है जिसका इंसानों पर परीक्षण चल रहा है।

Vivhav Shukla
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