देश की सर्वोच्‍च अदालत में राफेल डील को लेकर याचिका दायर, सुनवाई अगले सप्‍ताह

देश की सर्वोच्‍च अदालत में राफेल डील को लेकर याचिका दायर, सुनवाई अगले सप्‍ताह

एक तरफ राफेल डील पर लड़ाई सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है तो दूसरी ओर विपक्षी पार्टियां सड़क से संसद तक हंगामा कर रही है।

नई दिल्‍ली। पिछले कुछ महीनों से राफेल डील सौदे को लेकर देश के अंदर और बाहर राजनीति चरम पर है। फिलहाल यह मुद्दा छाया हुआ है। कांग्रेस ने इस डील को एक बड़ा घोटाला बताकर मोदी सरकार को घेरने में लगी है। वहीं एक वकील ने सुप्रीम कोर्ट में इसकी जांच को लेकर याचिका दायर कर दी है। शीर्ष अदालत ने याचिका स्‍वीकार कर ली है। अब इस पर सुनवाई अगले सप्‍ताह होगी। आपको बता दें कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी इस डील को लेकर लगातार पीएम और रक्षा मंत्री को निशाने पर लिए हुए हैं। लोकसभा में अविश्‍वास प्रस्‍ताव पर अपने भाषण के दौरान उन्‍होंने पीएम और रक्षामंत्री पर इस मुद्दे को लेकर देश से झूठ बोलने का आरोप लगाया था।

सौदा रद्द करने की मांग
राफेल डील को लेकर वरिष्ठ वकील मनोहर लाल शर्मा की ओर से सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है। याचिकाकर्ता ने राफेल डील में घोटाले का आरोप लगाया है। घोटाले को आधार बनाते हुए याची ने इस डील को रद्द करने की मांग की है। सुप्रीम कोर्ट ने याचिका का स्‍वीकार कर लिया है। अब अगले हफ्ते कोर्ट इसपर सुनवाई कर सकता है।

राफेल पर कांग्रेस के आरोप
इस मामले में कांग्रेस का दावा है कि यूपीए सरकार ने जिस विमान की डील की थी, उसी विमान को मोदी सरकार तीन गुना कीमत में खरीद रही है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि इस नई डील में किसी भी तरह की टेक्नोलॉजी के ट्रांसफर की बात नहीं हुई है। पूर्व रक्षा मंत्री एके एंटनी के मुताबिक यूपीए सरकार की डील के अनुसार 126 में से 18 एयरक्राफ्ट ही फ्रांस में बनने थे बाकी सभी एचएएल के द्वारा भारत में बनने थे। लेकिन मोदी सरकार द्वारा इस डील को तीन गुना ज्‍यादा दाम पर करने की वजह से कांग्रेस ने इस मामले में मोदी सरकार पर घोटाले का आरोप लगाया है। कांग्रेस ने देशभर में करीब 100 से अधिक प्रेस कॉन्फ्रेंस की हैं। इसके अलावा कांग्रेस की कोर कमेटी ने अध्यक्ष राहुल गांधी के साथ मिलकर बैठक भी की है। पार्टी के वरिष्‍ठ नेताओं ने इस मुद्दे पर मोदी सरकार को घेरने की रणनीति तैयार की है।

Ad Block is Banned