चीन की हरकत : भारतीयों को पहले ऐप के जरिए कर्ज दे रहा, फिर उत्पीड़न

चीनी कंपनियां भारतीयों के साथ अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी कर रही हैं। एप आधारित वित्तीय फर्मों से रुपए देती हैं। इसके बाद उसकी रिकवरी के लिए डिफॉल्टर के मोबाइल से कॉन्टैक्ट लिस्ट को एक्सेस कर रही हैं। दोस्तों-रिश्तेदारों को बता रही हैं कि इन्होंने कर्ज का भुगतान नहीं किया है।

हैदराबाद. चीनी कंपनियां (CHINEES COMPNIES) भारतीयों के साथ अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी कर रही हैं। एप आधारित वित्तीय फर्मों से रुपए देती हैं। इसके बाद उसकी रिकवरी के लिए डिफॉल्टर के मोबाइल से कॉन्टैक्ट लिस्ट को एक्सेस (ACESS CONTACT BY APP) कर रही हैं। दोस्तों-रिश्तेदारों को बता रही हैं कि इन्होंने कर्ज का भुगतान नहीं किया है। एक मामले में दर्ज प्राथमिकी की तहकीकात कर रहे पुलिसकर्मी से एक रिकवरी एजेंट ने अभद्रता भी की थी। हैदराबाद पुलिस ने 14 अगस्त को ऑनलाइन सट्टेबाजी गिरोह चलाने के आरोप में एक चीनी नागरिक और हैदराबाद के सहयोगियों को गिरफ्तार किया था।

उत्पीडऩ, धमकी भरे फोन
शहर में उत्पीडऩ, धमकी भरे कॉल को लेकर 4 रिपोर्ट दर्ज की जा चुकी है। धमकी वाले फोन ज्यादातर नोएडा, चेन्नई, बेंगलूरू, मध्यप्रदेश से की गई है। चीनी फर्म आधारित एप डिफॉल्टर के फोन की कॉन्टैक्ट लिस्ट को एक्सेस कर लेते हैं। इसके बाद उसके साथियों, मित्रों और परिवार वालों को फोन कर पैसा न चुकाने की बात बताकर शर्मिंदा करते हैं। कई बार धमकाते भी हैं।

ऐसे एक्सेस करते हैं ऐप
लोन लेते समय उनके ऐप को डाउनलोड करना होता है। जिसमें ऐप मोबाइल कॉन्टैक्ट लिस्ट को एक्सेस करने की अनुमति मांगता है। जिसका बाद में कंपनी दुरुपयोग करती है। हैदराबाद पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कर्ज की राशि कम है। इसलिए ऐसा कॉल करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के लिए टीमें नहीं भेजी हैं। लेकिन किसी ने भी इसे लेकर अब तक कोई पुख्ता सुबूत पेश नहीं किया है।

बिना जरूरत न दें परमीशन
साइबर सिक्योरिटी एक्सपर्ट डॉ. सी. बी. शर्मा ने बताया कि किसी भी ऐप को डाउनलोड करते समय उसके सोर्स की जांच करें। ऑथेंटिक सोर्स से ही डाउनलोड करें। इसके बाद ऐप को आपके कॉन्टैक्ट व मीडिया एक्सेस की जरूरत है तो ही परमीशन दें, अन्यथा न दें। एक बार परमीशन देने के बाद ऐप से आपकी फोन बुक के नंबर व सभी प्रकार की मीडिया फाइल्स को एक्सेस कर दुरुपयोग हो सकता है। प्राइवेसी सेटिंग स्ट्रिक्ट मोड में रख सकते हैं।

Ramesh Singh
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