कोरोना वायरस से बचाएगा नासा का ये स्पेशल वेंटिलेटर, 37 दिन में हुआ तैयार

Highlight

- कोरोना वायरस से लड़ाई में मदद करेगा ये वेंटिलेटर

- नासा ने सिर्फ 37 दिन में किया है तैयार

वॉशिंगटन। कोरोना वायरस से लड़ाई में अमरीकी अंतरिक्ष एजेंसी ने एक बड़ी सौगात दी है। एजेंसी ने एक ऐसा मेडिकल उपकरण तैयार किया है, जो कि कोरोना महामारी में सबसे अधिक जरूरी है। दरअसल, नासा ने एक ऐसा वेंटिलेटर बनाया है, जिसकी इस वक्त दुनिया में कमी हो रही है। स्पेस क्राफ्ट बनाने वाली इस एजेंसी द्वारा बनाए गए वेंटिलेटर का सफल परीक्षण भी किया गया है। खुद नासा ने अपनी इस पहल के बारे में जानकारी दी है।

न्यूयॉर्क में हो चुका है परीक्षण

अमरीकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के इंजीनियरों ने बनाए इस खास वेंटिलेटर को VITAL (वेंटिलेटर इंटरवेंशन टेक्नोलॉजी एक्सेसिबल लोकली) नाम दिया है। यह हाई प्रेशर वाला प्रोटोटाइप वेंटिलेटर है। एजेंसी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, इसी हफ्ते इस वेंटिलेटर का न्यूयॉर्क के इकैन स्कूल ऑफ मेडिसीन में क्लीनिकल परीक्षण किया गया, जो कि सफल रहा। अब अमरीका की फूड एंड ड्रग अथॉरिटी भी जल्द इसका रिव्यू करने वाली है।

नासा ने बताया कि, पारंपरिक वेंटिलेटर की आपूर्ति में कमी के चलते इसे बनाने का फैसला किया है।
इसकी कुछ खास बातें हैं-

- यह हाई प्रेशर वाला वेंटिलेटर है।

- यह खासकर कोविड 19 के मरीजों के लिए डिज़ाइन किया गया वेंटिलेटर है।

- यह उन मरीज़ो के लिए उपयोगी है, जिनमें खास लक्षण है।

- इसको डिज़ाइन करने में नासा ने 37 दिनों में तैयार किया है।

नासा JPL ने किया ट्वीट

नासा की जेट प्रोपल्शन लैबरेटरी (NASA JPL) ने इस संबंध में एक ट्वीट किया। पोस्ट में लिखा गया, 'हम आम तौर पर स्पेस क्राफ्ट बनाते हैं। मेडिकल डिवाइस नहीं, लेकिन इस वक्त हम मदद करना चाहते हैं। कोविड19 महामारी से लड़ने के लिए हमने एक हाई प्रेशर वाले प्रोटोटाइप वेंटिलेटर को तैयार किया है। इसे हमने वाइटल नाम दिया है। हमने इसे 37 दिनों में डिजाइन किया। इसके बाद न्यूयॉर्क के माउंट सिनाई अस्पताल में इसका टेस्ट किया। अब अमरीका की फूड ऐंड ड्रग अथॉरिटी इसका रिव्यू करेगी।'

coronavirus
Show More
Kapil Tiwari
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned