दिल्ली हिंसा पर ब्रिटेन में विरोध-प्रदर्शन, गृहमंत्री अमित शाह का मांगा इस्तीफा

  • उत्तरपूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा ( Delhi Violence ) को लेकर ब्रिटेन की राजधानी लंदन ( London ) में भारतीय उच्चायोग के बाहर प्रदर्शन
  • साउथ एशिया सॉलिडरिटी ग्रुप नाम की संस्था ने मोदी सरकार पर मुसलमानों के खिलाफ हिंसा करने का आरोप लगाया

लंदन। राजधानी दिल्ली में नागरिकता संशोधन कानून ( CAA ) को लेकर बीते दिनों हुई हिंसा ( Delhi Violence ) की गूंज ब्रिटेन ( Britain ) में सुनाई दे रहा है। दरअसल, उत्तरपूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा को लेकर ब्रिटेन की राजधानी लंदन ( London ) में भारतीय उच्चायोग के बाहर जमकर प्रदर्शन ( Protest ) किया गया।

एक संगठन से जुड़े लोगों ने प्रदर्शन करते हुए इस हिंसा के लिए गृहमंत्री अमित शाह ( Home Minister Amit Shah ) को जिम्मेदार ठहराया और उनका इस्तीफा मांगा। साउथ एशिया सॉलिडरिटी ग्रुप नाम की संस्था ने मोदी सरकार ( Modi Government ) पर मुसलमानों के खिलाफ हिंसा को प्रायोजित करने का आरोप लगाते हुए लंदन में प्रदर्शन किया और दिल्ली हिंसा के लिए अमित शाह को जिम्मेदार ठहराया।

Delhi Violence: अब तक 167 FIR दर्ज, 885 लोगों की पुलिस ने की धरपकड़

संस्था ने कहा कि अमित शाह को जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। संस्था ने मांग की है कि जिन भी लोगों ने भड़ाकाऊ भाषण दिया है उन्हें गिरफ्तार किया जाए। प्रदर्शनकारियों ने शनिवार को ब्रिटिश सरकार से मांग की है कि दिल्ली हिंसा के लिए मोदी सरकार की सख्त आलोचना करे।

भाजपा नेताओं के खिलाफ हो कार्रवाई

प्रदर्शनकारियों ने विरोध जताते हुए कहा कि अमित शाह बतौर गृहमंत्री अपने जिम्मेदारी को निभाने में विफल रहे हैं ऐसे में उन्हें इसकी जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। संगठन ने मांग की है कि भड़काऊ भाषण देने वाले भाजपा नेता कपिल मिश्रा, अनुराग ठाकुर, प्रवेश सिंह वर्मा समेत कई और नेताओं को गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाए। सभी के खिलाफ मुकदमा चलना चाहिए।

साउथ एशिया सॉलिडरिटी ग्रुप से जुड़ीं निर्मला राजसिंघम ने कहा कि हमारा संगठन दिल्ली हिंसा के पीड़ितों के साथ खड़ा है। सीएए के खिलाफ हर आन्दोलन का समर्थन करते हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली की केजरीवाल सरकार अपने संवैधानिक कर्तव्यों का निर्वहन करें और हिंसा में घायल लोगों का बेहतर इलाज मुहैया कराए। साथ ही इस हिंसा में हुए लोगों के नुकसान की भरपाई के लिए भी कदम उठाए।

Delhi Violence: इलाज के लिए दर-दर भटक रहे थे लोग...'आप' के मोहल्ला क्लीनिक पर लटका रहा ताला

प्रदर्शनकारियों ने भारतीय उच्चायोग के बाहर प्रदर्शन करते हुए ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन और पीएम नरेंद्र मोदी के बीच करीबी रिश्तों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मोदी समर्थक ब्रिटिश इंडियन प्रीति पटेल और ऋषि सुनक को जॉनसन कैबिनेट में जगह मिलने से दोनों धुर दक्षिणपंथी सरकारों का गठबंधन और भी मजबूत हुआ है।

बता दें कि दिल्ली हिंसा में हुए उग्र हिंसक प्रदर्शन में 41 लोगों की मौत हो गई, जबकि 200 से अधिक लोग घायल हो गए। इसके अलावा अरबों रुपये की संपत्ति बर्बाद हो गई। फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है।

Read the Latest World News on Patrika.com. पढ़ें सबसे पहले World News in Hindi पत्रिका डॉट कॉम पर. विश्व से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Follow करें Twitter पर.

home minister amit shah
Show More
Anil Kumar
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned