अब रेलवे के मालगोदामों का भी होगा निजीकरण, 5 साल के लिए मिलेंगे लीज पर, निविदा जारी

Indian Railway warehouse privatization- पांच साल के लिए व्यापारियों को मिलेंगे लीज पर, मालगाड़ी या माल लोड करने पर 20 रुपये टन मिलेगा किराया
- मुरादाबाद रेल मंडल के दलपतपुर, गढ़मुक्तेश्वर, गजरौला व चनहेटी स्टेशन के मालगोदामों के लिए निविदा जारी

By: Hariom Dwivedi

Published: 30 Mar 2021, 03:13 PM IST

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
मुरादाबाद. Indian Railway Warehouse Privatization. प्राइवेट ट्रेन चलाने के बाद भारतीय रेलवे अब मालगोदामों का भी निजीकरण करने की तैयारी में है। नई योजना के मुताबिक, रेलवे मालगोदामों को खुद चलाने की बजाय इन्हें व्यापारियों को सौंप देगा। मुरादाबाद मंडल के दलपतपुर, गढ़मुक्तेश्वर, गजरौला व चनहेटी स्टेशन के मालगोदामों के लिए रेलवे ने निविदा जारी कर इच्छुक व्यापारियों और कंपनियों से आवेदन मांगे गये हैं। इसके तहत व्यापारी/कंपनी पांच साल के लिए मालगोदाम लीज पर ले सकेंगे। माल गोदाम में आने वाले मालगाड़ी या माल लोड करने पर उन्हें 20 रुपये टन के आधार पर किराया दिया जाएगा।

देश भर के अधिकांश मालगोदामों की हालत काफी खराब है। खासकर छोटे स्टेशनों पर व्यापारियों के माल उतारने और चढ़ाने के श्रमिक नहीं मिलते। यहां तक की पीने के लिए पानी तक की व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा मालगोदाम तक जाने वाली सड़कें भी टूटी-फूटी हैं, जिससे माल से लदा हुआ ट्रक ले जाना काफी कठिन होता है। इसे देखते हुए रेलवे ने मालगोदाम को निजी व्यापारियों के हाथों में सौंपने की योजना बनाई है। रेलवे प्रशासन का दावा है कि इस योजना के जरिए बिना खर्च के मालगोदामों की मरम्मत होगी वहीं, व्यापारियों को तमाम सहूलियतें मिलने से रेलवे की आय में भी इजाफा होगा। मुरादाबाद मंडल के सहायक वाणिज्य प्रबंधक नरेश सिंह ने बताया कि मंडल बिजनेस टीम ने इस पर काम शुरू कर दिया है। योजना है कि अगले साल से मालगोदाम में सुधार हो जाएगा।

यह भी पढ़ें : नीता अंबानी का बीएचयू के छात्रों ने किया विरोध, कहा- विवि के निजीकरण की हो रही तैयारी

पांच वर्ष के लिए लीज पर मिलेंगे मालगोदाम
नई योजना के तहत भारतीय रेलवे छोटे स्टेशनों के मालगोदाम को व्यापारियों/कंपनियों को पांच वर्ष के लिए सौंपेगा। मालगोदाम का सुधार करना और वहां पर जन सुविधा की व्यवस्था व्यापारियों को ही करनी होगी। मालगोदाम में आने वाली मालगाड़ी को लोड कराने की जिम्मेदारी भी व्यापारियों की होगी। बदले में रेलवे उन्हें 20 रुपए टन के आधार पर किराया देगा। पांच साल के बाद माल गोदाम को रेलवे वापस ले लेगा। मुरादाबाद मंडल के मालगोदामों के लिए निविदा जारी कर दी गई है।

निजीकरण दुर्भाग्यपूर्ण : अजय कुमार लल्लू
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि एयरपोर्ट, रेल, गोदाम, बंदरगाह, सड़क, बिजली ट्रान्समिशन लाइन, भेल आदि सार्वजनिक उपक्रमों को बेचने या निजीकरण करने की केन्द्र सरकार की तैयारी निश्चित रूप से दुर्भाग्यपूर्ण है और देश को गर्त में ढकेलने वाला कदम है।

यह भी पढ़ें : निजीकरण को लेकर यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने बीजेपी सरकार पर साधा निशाना

Hariom Dwivedi
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned