कोरोना वेक्सीन खत्म, अभिभाषक व जूडिशियल स्टाफ लौटा

- विभाग कलेक्ट नहीं कर पा रहा कोरोना वेक्सीनेशन के डाटा

By: Ashok Sharma

Published: 03 Apr 2021, 08:51 PM IST


मुरैना. कोरोना वेक्सीनेशन को लेकर जिम्मेदार लोग गंभीर नहीं हैं। शनिवार को वेक्सीनेशन के लिए अभिभाषक व जूडिशियल स्टाफ बड़ी संख्या में जिला अस्पताल पहुंचा लेकिन वहां वेक्सीन ही खत्म हो गई। इसलिए उनको लौटना पड़ा। वहीं वेक्सीनेशन का विभागीय अधिकारियों पर कोई डाटा अपडेट नहीं रहता। जब भी जानकारी चाही गई तब डाटा उपलब्ध नहीं कराया गया। जबकि होना यह चाहिए कि रोजाना जिस तरह कोरोना रिपोर्ट का बुलेटिन जारी होता है ठीक उसी तरह वेक्सीनेशन का केन्द्र वाइज बुलेटिन जारी करना चाहिए जिससे संबंधित केन्द्र के लोग वेक्सीनेशन के प्रति जागरुक हो सकें लेकिन विभाग के पास अपडेट डाटा उपलब्ध नहीं हैं।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने दो दिन पहले अभिभाषकों और जूडिशियल स्टाफ को वेक्सीनेशन के लिए बोला था। पहले न्यायालय में लगाने का था लेकिन कुछ तकनीकी खांमियों के चलते जिला अस्पताल में ही जाकर वेक्सीनेशन कराने का तय हुआ। शनिवार को बड़ी संख्या में अभिभाषक व जूडिशियल स्टाफ अपना महत्वपूर्ण कार्य छोडक़र वेक्सीनेशन के लिए जिला अस्पताल पहुंचा, वहां पहुंचे तो बताया कि वेक्सीन खत्म हो गई हैं। वरिष्ठ अभिभाषक दीनदयाल शर्मा ने बताया कि अस्पताल में टीकाकरण केन्द्र पर सिर्फ नर्स बैठी थीं, वह कोई सटीक जवाब नहीं दे सकी जबकि केन्द्र पर कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था, फोन भी लगाया लेकिन कोई अधिकारी उपलब्ध नहीं हो सका। बड़ी देर बाद पता चला कि वेक्सीन खत्म हो चुकी हैं। उसके बाद सभी लौट आए।
सुबह भीड़ और दोपहर के बाद सूना पड़े रहते हंै केन्द्र
वेक्सीनेशन केन्द्रों पर सुबह के समय जरूर भीड़ रहती है। दोपहर के बाद केन्द्र सूने पड़े नजर आते हैं। जिला अस्पताल, सिटी डिस्पेंसरी सहित अन्य वेक्सीनेशन केन्द्रों पर सुबह के मौसम में लंबी लाइन लगती है परंतु दोपहर के बाद केन्द्र सूने पड़े रहते हैं।
तीन दिन से भोपाल स्वास्थ्य विभाग की टीम मुरैना में
इन दिनों कोरोना संक्रमण के मामले में भोपाल प्रदेश में टॉप स्तर पर है। उसके बाद भी भोपाल स्वास्थ्य विभाग की टीम पिछले तीन दिन से मुरैना में पड़ी है। ग्रामीण क्षेत्रों में दौरा कर रही है वहीं जिला अस्पताल में भी बैठक ली गई। लेकिन किसी ने यह नहीं पूछा कि उनकी कोरोना जांच हुई कि नहीं। निचले स्तर के कर्मचारी इस बात से भयभीत थे कि टीम भोपाल से आई जहां कोरोना के हालात चरम पर हैं।
कथन
- वेक्सीनेशन से जुड़े जिम्मेदारों से कहते हैं कि रोजाना वेक्सीनेशन की बुलेटिन जारी करें। सेम डे नहीं आ पाती है तो दूसरे दिन सुबह जारी करें। जिससे लोगों में जागरुकता बढ़े।
डॉ. आर सी बांदिल, सीएमएचओ

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