Video : कलक्टर सोनी व एसपी धनखड़ पहुंचे मेड़ता, चारभुजा नाथ मंदिर में किए दर्शन

जिले के ज्यादातर धार्मिक स्थल 30 सितम्बर तक रहेंगे बंद, जो खुलेंगे उनमें न घंटी बजेगी और न ही होगा प्रसाद का वितरण, कई धार्मिक स्थलों के प्रबंधन ने स्वैच्छा से लिया अलग-अलग तिथि तक पट व द्वार बंद रखने का निर्णय

By: shyam choudhary

Updated: 05 Sep 2020, 06:30 PM IST

नागौर. कोविड-19 अनलॉक-04 में जिले में धार्मिक स्थलों को खोलने को लेकर शुक्रवार को बैठक लेने के बाद शनिवार को जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी व एसपी श्वेता धनखड़ मेड़ता सिटी पहुंचे तथा चारभुजानाथ मंदिर में दर्शन कर मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों से चर्चा की। गौरतलब है कि शुक्रवार को हुई बैठक में जिले के ज्यादातर बड़े धार्मिक स्थलों को 30 सितम्बर तक नहीं खोलने का निर्णय संचालकों एवं ट्रस्टों के पदाधिकारियों ने लिया है।

कोविड-19 अनलॉक-04 में राज्य सरकार के गृह (गु्रप-09) विभाग की ओर से धार्मिक स्थलों को श्रद्धालुओं के लिए सात दिसम्बर खोले जाने के आदेश जारी किए गए हैं। सात सितम्बर से धार्मिक स्थलों को खोले जाने के साथ-साथ वहां कोविड-19 की रोकथाम व बचाव को लेकर आवश्यक गाइडलाइन का पालना सुनिश्चित करवाने का आदेश भी दिया गया है। इसे लेकर नागौर जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने शुक्रवार की शाम को राजीव गांधी आईटी सेंटर में जिला मुख्यालय से आए धर्म गुरुओं व वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उपखण्ड मुख्यालयों पर मौजूद धार्मिक गुरुओं, मंदिर व मस्जिद प्रबंधन कमेटी के प्रतिनिधियों से बात की और कोरोना के संक्रमण की रोकथाम को लेकर गाइडलाइन की पालना में पूर्ण सहयोग देने की अपील की।

जिला कलक्टर डॉ. सोनी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान कहा कि उपखण्ड अधिकारी व पुलिस उप अधीक्षक अपने-अपने क्षेत्र में पांच-पांच धार्मिक स्थलों की शनिवार को विजिट करेंगे। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों से जुड़ी प्रबंधन कमेटियां यह सुनिश्चित करें कि वहां श्रद्धालुओं की भीड़ एकत्र न की जाए। कोविड-19 की रोकथाम व बचाव को लेकर मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारा व चर्च आदि बड़े धार्मिक स्थलों पर दर्शनार्थियों के बीच दो गज की दूरी सुनिश्चित करने के लिए परिसर में वाइट पेंट से गोले बनाने होंगे। मंदिरों में लगी घंटियों पर कपड़ा बांधा जाएगा, वहीं प्रसाद वितरण पर भी प्रतिबंध रहेगा। धार्मिक स्थलों पर पानी के छिडक़ाव, प्रसाद व फूलमालाओं की दुकानों पर प्रतिबंध रहेगा। जिला कलक्टर ने निर्देश दिए कि बड़े धार्मिक स्थलों से जुड़े प्रबंधन यह भी सुनिश्चित कर लें कि उनके परिसर में बने कक्षों में कोई भी श्रद्धालु रूके नहीं।

जिले में 30 सितम्बर तक बंद रहेंगे बड़े धार्मिक स्थल
जिला कलक्टर की अपील पर बुटाटी स्थित बाबा चतुरदास जी का धाम भी 15 अक्टूबर तक बंद रखने का निर्णय प्रबंधन कमेटी ने लिया है। वहीं जिला मुख्यालय पर हुई बैठक में उपस्थित सैयद सदाकत अली गिलानी ने बड़े पीर साहब की दरगाह को 30 सितम्बर तथा मकबूल अहमद अंसारी ने सुफी तारकीन शाह की दरगाह को 30 सितम्बर तक बंद रखने का निर्णय किया। इसी प्रकार दरगाह अहमद अली बाबा, किले की ढाल को भी 30 सितम्बर तक बंद रखने के का निर्णय सदर साकिर अली ने बैठक में जिला कलक्टर के समक्ष लिया। इसी प्रकार जैन समाज के मंदिर को 30 सितम्बर तथा मकराना में पीर साहब की दरगाह को भी 30 सितम्बर तक बंद रखने का निर्णय संबंधित धार्मिक स्थल के प्रबंधन से जुड़े प्रतिनिधि ने लिया। इसी प्रकार परबतसर क्षेत्र में केवाय माता मंदिर को भी 30 सितम्बर तक आम दर्शनार्थियों के लिए बंद रखने का निर्णय प्रबंधन कमेटी ने किया है।

जिला कलक्टर ने बैठक व वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान निर्देश दिए कि सात सितम्बर से खुलने वाले धार्मिक स्थलों पर यह सुनिश्चित कर लिया जाए कि पुजारी, मंदिर प्रबंधन स्टॉफ तथा यहां आने वाले श्रद्धालु, सभी मॉस्क पहने, दो गज की दुरी रखेंगे और सेनेटाइजेशन व हाथ धुलाई की पूरी व्यवस्था रहेगी। कोविड-19 की रोकथाम व बचाव के चलते दरगाह की चैखट को चूमने की प्रथा पर संबंधित प्रबंधन कमेटी व मौलवी को रोक लगानी होगी। डॉ. सोनी ने निर्देश दिए कि सभी उपखण्ड अधिकारी यह सुनिश्चित कर लें कि बड़े धार्मिक स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं की चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से थर्मल स्केनिंग हो तथा आईएलआई के मरीजों को चिह्नित करते हुए बाहर ही रोक लिया जाए। इसके साथ-साथ धार्मिक स्थलों के परिसर में वॉल पेटिंग के जरिए कोरोना की रोकथाम व बचाव को लेकर जारी मुख्य बातों के बारे में जानकारी दी जाए।

फेसबुक पेज बनाएं, ऑनलाइन करवाएं दर्शन
जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र सोनी ने बैठक व वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान धर्म गुरुओं व धार्मिक स्थल प्रबंधन कमेटी के प्रतिनिधियों से अपील की कि आगामी समय में त्योहारी सीजन है, इसके चलते श्रद्धालुओं की भीड़ कम हो, के लिए सोशल मीडिया का भरपूर उपयोग करें। मंदिर, मंदिर सहित सहित बड़े धार्मिक स्थलों के पुजारी, मौलवी तथा प्रबंधन कमेटी संबंधित धार्मिक स्थल के नाम से अपना फेसबुक पेज बनाएं और श्रद्धालुओं को घर बैठे ऑनलाइन दर्शन करवाए, जिसे भीड़ नहीं होगी। जिला कलक्टर ने यह भी निर्देश दिए कि मंदिर, मस्जिद व गुरू़द्वार आदि धर्मस्थलों के आसपास भजन संध्या, गायन और कव्वाली आयोजन में संबंधित पुजारी, मौलवी व प्रबंधन सहयोग नहीं करें। ऐसे आयोजन में भीड़ बढऩे के कारण कोरोना के संक्रमण की आंशका रहती है।

जिला पुलिस अधीक्षक श्वेता धनकड़ ने कहा कि कोविड-19 अनलॉक-4 में कोरोना पॉजिटिव के केस पीक लेवल पर बढ़ रहे हैं। हम सब को मिलकर इस महामारी की चैन को तोडऩा है और सोशियल डिस्टेसिंग, मॉस्क और सेनेटाइजेशन, इन तीन पाइंट पर काम करना है। बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर मनोज कुमार ने कोविड-19 अनलॉक-04 में राज्य सरकार के गृह (गु्रप-09) विभाग की ओर से धार्मिक स्थलों को श्रद्धालुओं के लिए सात दिसम्बर खोले जाने के आदेश और वहां कोविड-19 की रोकथाम व बचाव को लेकर जारी गाइडलाइन के बारे में आवश्यक जानकारी दी। बैठक में फादर रोमिल, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मेहराम महिया, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश मीणा, नागौर उपखण्ड अधिकारी अमित चौधरी आदि शामिल थे।

shyam choudhary Reporting
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