scriptRefill and expiry date missing in fire extinguishers, open circuits ti | अग्निशमन यंत्रों में रिफिल और एक्सपायरी डेट गायब, लकडिय़ों से बांधकर रखे खुले सर्किट | Patrika News

अग्निशमन यंत्रों में रिफिल और एक्सपायरी डेट गायब, लकडिय़ों से बांधकर रखे खुले सर्किट

जबलपुर के अस्पताल में आग से 8 लोगों की मौत के बाद भी नहीं जागा प्रशासन
अस्पताल के 35 से 40 बेड वाले वार्डों में सुरक्षा के नाम पर सिर्फ एक अग्निशमन यंत्र

नर्मदापुरम

Published: August 03, 2022 07:50:24 pm

नर्मदापुरम- जबलपुर के एक निजी अस्पताल में हुए अग्निकांड के बाद भी जिला अस्पताल में सुरक्षा की अनदेखी की जा रही है। अस्पताल में आग बुझाने के लिए मौजूद अग्रिशमन यंत्रों में जंग लगे मिले। कुछ में तो रिफिल और एक्सपायरी डेट तक गायब है। हाल ये हैं कि जिन बिजली तारों में करंट दौड़ रहा है, उन्हें लड़कियों के सहारे बांधकर रखा गया है। ऐसे में तेज हवा मेें बिजली तारों के हिलने से स्पार्किंग होने और आग लगने का खतरा बना हुआ है। पत्रिका ने जिला अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था का हाल देखा तो लापरवाही उजागर हो गई। यहां अस्पताल के एमरजेंसी रूम के बाहर लगे अग्निशमन यंत्र पर कोई जानकारी दर्ज नहीं हैं। जिससे यह पता चल सके कि आग बुझाने वाले ये सिलेंडर कब रिफिल किए गए और ये कब तक इस्तेमाल किए जा सकते हैं। अस्पताल में आग बुझाने वाले ज्यादातर सिलेंडरों में जंग लग चुकी है। जिनसे यह पता लगा पाना भी मुश्किल है, कि इनकी उम्र कितनी है।
आग लगी तो बुझेगी कैसे... 90 मरीजों वाले वार्ड में एक अग्निशमन यंत्र
जिला अस्पताल में मेल सर्जिकल, फीमेल मेडीकल, सर्जिकल, बर्न, एमडीआर वार्ड के 90 मरीजों के लिए सिर्फ एक अग्निशमन यंत्र है। वह भी स्टॉफ के बैठने की जगह पर लगा है। ओटी, एक्सरे-सोनोग्राफी और लैब, मुख्यद्वार, ब्लड बैंक पर एक-एक , ईटेट में दो सहित मेटरनिटी वार्ड की पूरी बिल्डिंग में 3 अग्निशमन यंत्र मौजूद हैं।
80 लाख का भेजा था प्रस्ताव, एनओसी का इंतजार
हमीदिया अस्पताल में हुए हादसे के बाद शासन ने सभी सरकारी अस्पतालों से फायर सेफ्टी की जानकारी बुलाई थी। साथ ही फायर सेफ्टी के सभी इंतजाम पुख्ता करने के निर्देश दिए थे। उसके बाद जिला अस्पताल में फायर सेफ्टी के लिए 80 लाख का प्रस्ताव भेजा गया था। इस मामले में स्वास्थ्य विभाग के इंजीनियर चेतन शर्मा ने बताया कि उक्त प्रस्ताव के लिए शासन ने प्रोविजन एनओसी मिल गई है। फाइनल एनओसी मिलने के बाद काम शुरू होगा। जब तक शासन एनओसी नहीं देता तब तक जिला अस्पताल में इन
अग्निशमन यंत्रों से ही सुरक्षा का दावा किया जा रहा है।
आपातकालीन दरवाजे पर झूल रहा ताला
जला अस्पताल के मुख्य भवन में एक ही दरवाजे से आगवामन हो रहा है। आपातकाल के लिए दो दरवाजे हैं। इनमें से एक दरवाजा खुला है जबकि दूसरे दरवाजे पर लगे ताले में जंग लग गई है। यही कारण है कि जिला अस्पताल में यदि कभी हालत बिगड़े से मरीजों को बाहर निकालने में परेशानी होने की संभावना है।
फ्लैश बैक : 13 निजी अस्पतालों को दिया था नोटिस
जिले में 40 निजी अस्पताल संचालित हैं। हमीदिया हादसे के बाद विभाग ने जिले के सभी निजी अस्पतालों का निरीक्षण कर फायर सेफ्टी सहित अन्य मापदंड़ों का जायजा लिया था। उस दौरान 13 अस्पतालों में फायर सेफ्टी के इंतजामों में लापरवाही मिली थी। विभाग ने 13 अस्पतालों को नोटिस भी जारी किया था। अब विभाग का दावा है कि जिन अस्पतालों को नोटिस दिया था उन्होंने व्यवस्था में सुधार कर लिखित में जानकारी भेज दी है।
अब ये हाल... नपा के पास नहीं एनओसी की जानकारी
शहर के निजी अस्पतालों में फायर सेफ्टी के लिए कितनों अस्पतालों को एनओसी दी गई इसकी जानकारी नगर पालिका को नहीं है। नगर पालिका के अधिकारियों ने बताया कि फायर सेफ्टी के लिए एनओसी संयुक्त संचालक कार्यालय से जारी होती है। संभाग के सभी निकायों से संबंधित अस्पताल ऑनलाइन की इसके लिए आवेदन करते हैं। वहीं एनओसी भी संयुक्त संचालक ही जारी करते हैं। यही कारण है कि फायर सेफ्टी के लिए शहर में कितनी एनओसी जारी हुई उसका कोई रिकॉर्ड नहीं है।
विभाग के मुखिया के कार्यालय ऐसे हैं हाल
जबलपुर में हुए हादसे में शॉर्ट सर्किट हादसे की मुख्य वजह बताई जा रही है। वहीं जिले में सीएमएचओ कार्यालय में ही बिजली व्यवस्था के हाल भी बेहतर नहीं है। कार्यालय में सामने ही बिजली के बोर्ड खुले पड़े हैं। तार भी उलझे हुए हैं वहीं लकडिय़ों के सहारे व्यवस्था बनाई जा रही है।
इनका कहना है
हमीदिया में हुए हादसे के बाद जिले मेें अस्पतालों का फायर ऑडिट करवाया था। अब दोबारा सभी शासकीय व निजी अस्पतालों का फायर ऑडिट करवाया जाएगा।
नीरज कुमार सिंह, कलेक्टर
फायर सेफ्टी के लिए अस्पताल में अग्गिशमन यंत्र लगे हुए हैं। सभी स्टाफ को भी टे्रनिंग दी गई है। अस्पताल में कई प्रवेश द्वार हैं आपातकाल की स्थिति में इनका उपयोग किया जा सकता है।
डॉ. सुधीर विजयवर्गीय, सिविल सर्जन
शहर में अस्पतालों के लिए फायर एनओसी संयुक्त संचालक कार्यालय से जारी होती है। इसकी ऑनलाइन प्रक्रिया है। सेफ्टी ऑडिट भी संचालनालय स्तर से किया जाता है।
डॉ. प्रशांत जैन, अधीक्षक, नपा
अग्निशमन यंत्रों में रिफिल और एक्सपायरी डेट गायब, लकडिय़ों से बांधकर रखे खुले सर्किट
अग्निशमन यंत्रों में रिफिल और एक्सपायरी डेट गायब, लकडिय़ों से बांधकर रखे खुले सर्किट

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

Monsoon Alert : राजस्थान के आधे जिलों में कमजोर पड़ेगा मानसून, दो संभागों में ही भारी बारिश का अलर्टमुस्कुराए बांध: प्रदेश के बांधों में पानी की आवक जारी, बीसलपुर बांध के जलस्तर में छह सेंटीमीटर की हुई बढ़ोतरीराजस्थान में राशन की दुकानों पर अब गार्ड सिस्टम, मिलेगी ये सुविधाधन दायक मानी जाती हैं ये 5 अंगूठियां, लेकिन इस तरह से पहनने पर हो सकता है नुकसानस्वप्न शास्त्र: सपने में खुद को बार-बार ऊंचाई से गिरते देखना नहीं है बेवजह, जानें क्या है इसका मतलबराखी पर बेटियों को तोहफे में देना चाहता था भाई, बेटे की लालसा में दूसरे का बच्चा चुरा एक पिता बना किडनैपरबंटी-बबली ने मकान मालिक को लगाई 8 लाख रुपए की चपत, बलात्कार के केस में फंसाने की दी थी धमकीराजस्थान में ईडी की एन्ट्री, शेयर ब्रोकर को किया गिरफ्तार, पैसे लगाए बिना करोड़ों की दौलत

बड़ी खबरें

IND vs ZIM: शिखर धवन और शुभमन गिल की शानदार बल्लेबाजी, भारत ने जिम्बाब्वे को 10 विकेट से हरायाकौन हैं IAS राजेश वर्मा, जिन्हें किया गया राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का सचिव नियुक्त?पटना मेट्रो रेल के भूमिगत कार्य का CM नीतीश कुमार ने किया उद्घाटन, तेजस्वी यादव भी रहे मौजूदMaharashtra Suspected Boat: रायगढ़ में मिली संदिग्ध नाव और 3 AK-47 किसकी? देवेंद्र फडणवीस ने किया बड़ा खुलासाBihar News: राजधानी पटना में फिर गोलीबारी, लूटपाट का विरोध करने पर फौजी की गोली मारकर हत्यादिल्ली हाईकोर्ट ने फ्लाइट में कृपाण की अनुमति देने पर केंद्र और DGCA को जारी किया नोटिसSSC Scam case: पार्थ चटर्जी, अर्पिता मुखर्जी 14 दिन की न्यायिक हिरासत पर भेजे गए, 31 अगस्त को अगली पेशीRohingya Row: अनुराग ठाकुर का AAP पर आरोप, राष्ट्र सुरक्षा से समझौता कर रही दिल्ली सरकार
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.