सुरक्षा से समझौता लगातार

लगातार होते रेल हादसे सुरक्षा से समझौतों की ओर इशारा करते हैं, तो सुरक्षा समीक्षा समितियों की सिफारिशों पर अमल न करने की सरकारी जिद लापरवाही में तब्दील हो चुकी है।

पत्रिका न्यूज नेटवर्क।  2023 में पूरा देश बुलेट ट्रेन का सपना साकार होता देखने के लिए उतावला है। ऐसे में कानपुर रेल हादसा रेलवे सुरक्षा पर सवालिया निशान लगा रहा है। लगातार होते रेल हादसे सुरक्षा से समझौतों की ओर इशारा करते हैं, तो सुरक्षा समीक्षा समितियों की सिफारिशों पर अमल न करने की सरकारी जिद लापरवाही में तब्दील हो चुकी है। रेल बजट में सुरक्षा को तरजीह देने की बात की जाती है। इसके लिए यात्री ज्यादा पैसे चुकाने को भी तैयार हैं। लेकिन सुरक्षा बीमा और ई-चौकसी जैसे विकल्पों के बाद अगले हादसे का इंतजार किया जाता है... 











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amal chowdhury
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