11 हाजिरी के बाद कोविंद बने राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार 

gwalior
 11 हाजिरी के बाद कोविंद बने राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार 

दतिया में मां पीताम्बरा के दरबार में 9 जून को दर्शन करने आए थे बिहार के राज्यपाल रामनाथ कोविंद 

ग्वालियर। बिहार के गवर्नर रामनाथ कोविंद को एनडीए ने अपना प्रेसिडेंशियल कैंडिडेट चुन लिया है। पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह ने सोमवार को इसका एलान किया। राज्यपाल रामनाथ कोविंद मां पीतांबरा के अनन्य भक्त हैं। राष्ट्रपति पद का दावेदार बनने से पहले वह इसी माह 9 जून को ग्यारहवीं बार माई के दरबार में मत्था टेकने आए थे। संभावना है कि वह राष्ट्रपति पद के लिए अर्जी लगाने ही दतिया आए। राष्ट्रपति पद के दावेदार रामनाथ कोविंद विगत नौ जून को दतिया आए थे। दतिया प्रवास के दौरान पत्रिका से बातचीत में उन्होंने बताया था कि वह इससे पहले दस बार माई के दरबार में आ चुके हैं।

Image may contain: 4 people, people smiling, people standing

नौ जून को राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के दतिया आगमन की तैयारियों के बीच वह पत्नी सविता कोविंद के साथ पीतांबरा पीठ आए थे। दतिया प्रवास के दौरान उन्होंने सपत्नीक पीतांबरा पीठ पर पूजा-अर्चना की थी। उस समय किसी को भी अंदाजा नहीं था कि वह भविष्य में राष्ट्रपति के पद दावेदार हो सकते हैं। 


हालांकि इस दौरान उन्होंने पत्रिका से बातचीत में कहा था कि वह देश और प्रदेश की कल्याण की कामना के लिए माई के दरबार में आए हैं। मां पीतांबरा राजनीति की देवी हैं इसलिए आए दिन यहां राजनेताओं का जमावड़ा लगा रहता है।



माई के दरबार में तय हो रहे राष्ट्रपति
विधायक,सांसद,मंत्री के अलावा राष्ट्रपति जैसा सर्वोच्य पद भी माई के दरबार में आशीर्वाद स्वरूप मिल रहा है। हाल ही में राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के दतिया प्रवास के दौरान इस बात की खासी चर्चा रही कि राष्ट्रपति बनने के लिए उनकी माई के दरबार में अर्जी लगाई थी और राष्ट्रपति पद का कार्यकाल समाप्त होने से पूर्व वह माई का धन्यवाद देने आए थे। पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता सुरेश पचौरी के उनके साथ दतिया आने पर इस चर्चा को बल मिला था। 

Image may contain: one or more people

हाल ही में राष्ट्रपति पद के दावेदार रामनाथ कोविंद भी माई के दरबार में राजनीति की मुख्य धारा में बने रहने के लिए दतिया कई बार आ चुके हैं। बिहार के गर्वनर कोविंद भाजपा दलित मोर्चा के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। साथ ही दो बार राज्यसभा के सांसद रह चुके कोविंद का नाम भी गर्वनर के लिए अचानक तय हुआ था। 

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned