दिव्यांग बच्चे बनेंगे इस शादी में VVIP, अनोखी होगी डॉक्टर दंपती की शादी

Manish Gite

Publish: May, 19 2017 04:58:00 (IST)

Bhopal, Madhya Pradesh, India
दिव्यांग बच्चे बनेंगे इस शादी में VVIP, अनोखी होगी डॉक्टर दंपती की शादी

डॉ चंद्रेश शुक्ला और जबलपुर की डा. देवाश्री अवस्थी ने कुछ ऐसा ही प्रयास किया है। उन्होंने समाज में छुपे उन लोगों के चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास किया है, जो अपनी जिंदगी के मायने भी नहीं जानते। जो उपेक्षित हैं और दिव्यांग हैं।


भोपाल। कुछ लोग खुद के लिए जीते हैं कुछ अपनों के लिए जीते हैं। लेकिन, बहुत कम ही लोग हैं जो दूसरे के चेहरे पर खुशी लाने की कोशिश करते हैं। राजधानी के डॉ चंद्रेश शुक्ला और जबलपुर की डा. देवाश्री अवस्थी ने कुछ ऐसा ही प्रयास किया है। उन्होंने समाज में छुपे उन लोगों के चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास किया है, जो अपनी जिंदगी के मायने भी नहीं जानते। जो उपेक्षित हैं और दिव्यांग हैं।

मध्यप्रदेश के भोपाल में ऐसे ही बच्चों को खुशी देने का प्रयास इस अनोखी शादी में होने जा रहा है। इस शादी में कई बड़े-बड़े घराने के लोग शिरकत करेंगे, लेकिन इस शादी में VVIP होंगे सिर्फ दिव्यांग बच्चे। इनमें ब्लाइंड्स, मूक-बधिर, मेंटली रिटायर्ड आदि शामिल होंगे।

भोपाल की पलाश होटल में यह यूनिक शादी 22 मई को होने जा रही है। एक तरफ जब दूल्हा-दुल्हन सारी रस्में निभा रहे होंगे, यही बच्चे उस शादी में कोई खराती बनेगा, तो कोई बाराती। उन्हें भी इस शादी की सभी रस्मों से रूबरू कराया जाएगा। साथ ही उनके मनोरंजन के लिए भी कई आयोजन किए जाएगे। दोनों ने समाज के सामने एक उदाहरण पेश करने का प्रयास किया है, जिससे दिव्यांगों के प्रति समाज की सोच बदल सके।

ताकि जिझक दूर हो सके
डा. चंद्रेश शुक्ला ने पत्रिका को बताया कि जब हम क्लिनिक पर मरीजों का इलाज करते हैं तब यदि पैरेंट्स के साथ यदि दिव्यांग बच्चा आता है तो वह अपने आप को समाज से अलग महसूस करता है। उसके चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं होती है। पैरेंट्स भी जिझक के कारण उसे अलग ही रखने का प्रयास करते हैं।

इन्हें भी बताए जिंदगी में कितने रंग हैं
शुक्ला का कहना है कि ऐसे ही बच्चों को समाज की मुख्य धारा में जोड़ने और उन्हें भी समाज की सभी गतिविधियों से रूबरू कराने का यह छोटा सा प्रयास किया जा रहा है। वे भी जान सके कि जिंदगी के कितने रंग है।

बच्चों के लिए होगी प्रतियोगिता, मिलेंगे रिटर्न GIFT
डॉ. चंद्रेश शुक्ला ने बताया कि 22 मई को शादी की शादी रस्म निभाई जाएगी। इसमें विशेष बाराती और घराती बनकर शहर के 150 दिव्यांग बच्चे शामिल होंगे। शादी की रस्मों के साथ इनके लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। उनके लिए पेंटिंग प्रतियोगिता होगी। साथ ही बारातियों की तरह रिटर्न गिफ्ट भी दिए जाएंगे।


शादी से पहले ही देवाश्री ने दिया साथ
डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया के कम उम्र के मेंबर और राजधानी के डेंटिस्ट डॉ. चंद्रेश शुक्ला (33) ने बताया कि जब उनकी सगाई जबलपुर की डॉ. देवाश्री अवस्थी (27) से हुई, तो शादी को अपने लिए तो यादगार बनाने का ख्याल आया ही, साथ ही दिव्यांगों की खुशी के लिए भी कुछ करने की इच्छा मन में आई। इस इच्छा को देवाश्री को बताया तो उसने भी खुश होकर इस नेक काम को करने के लिए उत्साह दिखाय़ा। प्रतियोगिता और रिटर्न गिफ्ट देने का प्लान भी किया। 


बच्चों को आगे लाएं पैरेंट्स
अक्सर देखा जाता है कि पैरेंट्स अपने दिव्यांग बच्चों को घर में ही रखते हैं, शादी समारोह जैसे आयोजन में जहां समाज एकत्र होता है उन्हें नहीं लेकर जाते हैं। इसके पीछे उन्हें कहीं न कहीं जिझक होती है या शर्म होती है। डा. शुक्ला का कहना है कि इसी जिझक को तोड़ने के लिए यह छोटा सा प्रयास है। पैरेंट्स को उन्हें भी आगे लाना चाहिए।


दोनों कुटुंब है सहमत
पीएचडी कर चुके डॉ. शुक्ला एवं एमडीएस कर रहीं देवाश्री की इस अनोखी शादी से दोनों कुटुंब काफी उत्साहित हैं। दोनों ही परिवारों में इस आयोजन के साथ ही बच्चों के साथ शादी की खुशियां बांटने की तैयारी चल रही है।


बाल आयोग चेयरमेन बोले-भगवान का रूप हैं बच्चे
मध्यप्रदेश बाल आयोग के चेयरमेन राघवेंद्र शर्मा ने पत्रिका को बताया कि यह बेहद ही अच्छा प्रयास है। बच्चे तो भगवान का रूप होते ही हैं, उनमें भी दिव्यांग बच्चों का स्थान काफी ऊंचा होता है। डाक्टर दंपती का ये प्रयास सराहनीय है। इससे अन्य लोगों को भी प्रेरणा लेना चाहिए।

बाल आयोग ने दिखाई थी एमएस धोनी
इससे पहले बाल आयोग शहर के दिव्यांग बच्चों को एमएस धोनी फिल्म दिखा चुका है। बाल आयोग के इस प्रयास की सभी ने सराहना की थी। डा. शुक्ला का कहना है कि बच्चों के चेहरे पर इसकी खुशी महसूस कर सकता हूं। यह सुनकर ही मैने तय कर लिया था कि मैं भी इन्हीं बच्चों के चेहरे पर खुशी देखकर ही अपनी जीवन संगिनी के साथ सात फेरे लूंगा। इस पल का होम दोनों को बेसब्री से इंतजार है।

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned