चाइनीज प्र्रोडक्ट पिछड़े, 15 दिन में 30 परसेंट गिरा बाजार 

Kajal Kiran Kashyap

Publish: Oct, 19 2016 11:18:00 (IST)

Bilaspur, Chhattisgarh, India
चाइनीज प्र्रोडक्ट पिछड़े, 15 दिन में 30 परसेंट गिरा बाजार 

राज्य शासन द्वारा चीन निर्मित हैलोजन बल्ब व पटाखों को प्रतिबंधित किए जाने का व्यापक असर बाजार पर दिख रहा है।

बिलासपुर. प्रौपेगंडा वार से आहत चाइनीज प्रोडक्ट को संभलने का अवसर नहीं मिल रहा है व मांग में जबर्दस्त गिरावट दर्ज की गई है। पिछले एक पखवाड़े में बाजार औंधे मुंह गिरा व 30 प्रतिशत नीचे चला गया  है, जबकि पुष्यनक्षत्र, धनतेरस व दीवाली की असली खरीदारी अभी बाकी है। राज्य शासन द्वारा चीन निर्मित हैलोजन बल्ब व पटाखों को प्रतिबंधित किए जाने का व्यापक असर बाजार पर दिख रहा है। गत माह तक बाजार पर आधिपत्य रखने वाले चीनी उत्पाद की मांग पिछले 15 दिनों में 30 फीसदी तक लुढ़क गई है।

सोशल माडिया पर चीन निर्मित प्रोडक्ट के खिलाफ चलाई जा रही मुहिम का असर कह लें या माल की गुणवत्ता में कमी, मिलेजुले असर से लोगों का मोहभंग हुआ है व अब पूछ-परखकर खरीदारी की जा रही है। हालंकि कीमतें कम होने के कारण अभी भी बाजार में हिस्सेदारी पर कोई शको-शुबहा नहीं है व इलेक्ट्रानिक उत्पाद, बल्ब, झालरें, दिए व अन्य फैंसी आइटमों की मांग बनी हुई है।  पर्यावरण संरक्षण मंडल ने भी पटाखों को लेकर दिशा निर्देश जारी किए हैं तथा 125 से 145 डेसीबल से अधिक शोर करने वाले पटाखों को प्रतिबंधित किया है। चीन निर्मित पटाखे दीवाली के दौरान पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेंगे। प्रशासन ने पहले ही तहसीलदारों को दिशा-निर्देश जारी किया है तथा सभी पटाखे विक्रेताओं को चेतावनी जारी की जा चुकी है। 

सजावटी झालर की मांग अब भी बरकरार

दीवाली के अवसर पर सजावट के इस्तेमाल में आने वाले आयटमों की मांग में विशेष कमी नहीं आई है। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि झालरें, फैंसी बल्ब, दिए, बार्बी डाल, बच्चों के इस्तेमाल में आने वाले खिलौने, कार, बाईक, टैंक  समेत अन्य चीन निर्मित आयटमों की बिक्री अब भी बरकरार है।  इसकी सबसे बड़ी वजह दुकानदार बताते हैं कि इतनेे कम कीमत पर सामान उपलब्ध नहीं है। देशी उत्पादों की कीमतें इसके मुकाबले दो से तीन गुनी अधिक है। शहर के माल संचालकों का कहना है कि ये बात अवश्य है कि लोगों द्वारा इस बात की जानकारी ली जा रही है कि मेड कहां का है। पूर्व में इस तरह का अवेयरनेस नहीं था। चाइनीज झालर की कीमत जहां 70 रुपए है वहीं देशी झालर 150 से 180 रुपए की मिल रही है। खिलौने की अगर बात करें तो देशी खिलौने जहां  दो से तीन सौ रुपए में मिल रहे हैं तो बैटरी से चलने वाले चीनी खिलौने 70 से लेकर 200 रुपए में उपलब्ध है।

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