ब्रिटेन की महारानी ने सिंहासन पर पूरे किए 65 साल

Europe
ब्रिटेन की महारानी ने सिंहासन पर पूरे किए 65 साल

 ब्रिटेन की 90 वर्षीय महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के 6 फरवरी को सिंहसन संभालने के 65 वर्ष पूरे गए। इस मौके पर पूरे ब्रिटेन में उत्सव मनाया गया और कई प्रकार के आयोजन किए गए। महारानी के सम्मान में आयोजित सफायर जुबली समारोह में ऑनरेबल आर्टिलरी कंपनी के सदस्यों ने महारानी के सम्मान में 62 तोपों की सलामी दी।

लंदन. विश्व में सबसे ज्यादा समय तक सिंहासन पर काबिज रहने का रिकॉर्ड बनाने वाली ब्रिटेन की 90 वर्षीय महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के 6 फरवरी को सिंहसन संभालने के 65 वर्ष पूरे गए। इस मौके पर पूरे ब्रिटेन में उत्सव मनाया गया और कई प्रकार के आयोजन किए गए। महारानी के सम्मान में आयोजित सफायर जुबली समारोह में ऑनरेबल आर्टिलरी कंपनी के सदस्यों ने महारानी के सम्मान में 62 तोपों की सलामी दी। महारानी एलिजाबेथ सबसे लंबे समय तक ब्रिटेन पर राज करने वाली शासक हैं। उन्होंने 65 साल तक ब्रिटेन पर राज करने का कीर्तिमान कायम किया है। उन्हें सम्राट जॉर्ज षष्टम के उत्तराधिकारी के तौर पर 1952 में ब्रिटेन की महारानी का ताज मिला था।
   
ऐसे किया गया महारानी का सम्मान   

महारानी के राजसिंहासन संभालने के सफायर जुबली के मौके पर ब्रिटेनभर में तरह-तरह के आयोजन किए गए। द रॉयल रेजीमेंट ऑफ स्कॉटलैंड ने महारानी के सम्मान में एडिनबरा किले में 21 तोपों की सलामी दी। इससे पहले     हाउसहोल्ड कैवलरी के बैंड ने बकिंघम पैलेस में अपनी धुन बजाई। इसके अलावा  सी रूट्स 211 बैटरी के सदस्यों ने कार्डिफ किले में महारानी को 21 तोपों की सलामी देकर सफायर जुबली मनाया।

खेलों का भी आयोजन

ब्रिटेन के प्रिंस विलियम, डचेज ऑफ कैंब्रिज केट मिडल्टन और प्रिंस हेनरी ने चैरिटी संस्था हेड्स टूगेदर के लिए रीले रेस में भाग लिया। क्वीन एलिजाबेथ ओलंपिक पार्क में आयोजित इस रेस में प्रिंस हेनरी ने बड़े भाई प्रिंस विलियम और भाभी डचेज ऑफ कैंब्रिज केट मिडल्टन को हराकर बाजी मार ली। 

लोगों ने गुलदस्ते भेंटकर किया महारानी का स्वागत   
ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के शासनकाल के 65 वर्ष पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए भारी संख्या भीड़ जुटी थी। इस दौरान देशवासियों ने महारानी को गलदस्ते भेंटकर स्वागत किया। इस मौके पर उन्हें दुनियाभर के कई राष्ट्राध्यक्षों ने भी बधाई दी। महारानी ने स्वास्थ्य कारणों से विदेशी दौरों में हिस्सा लेना बंद कर दिया है, लेकिन वह ब्रिटेन में आधिकारिक कार्यक्रमों में शामिल होती हैं। पिछले साल दिसंबर माह में उन्होंने घोषणा की थी कि वह अकादमिक संस्थानों, विभिन्न धर्मार्थ कार्यक्रमों और अन्य समूहों से जुड़ी जिम्मेदारियों को शाही परिवार के अन्य सदस्यों को सौपेंगी। 

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned