इनकम टैक्स रिटर्न भरने से पहले जान लें ये बातें, नही होगा नुकसान 

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इनकम टैक्स रिटर्न भरने से पहले जान लें ये बातें, नही होगा नुकसान 

आयकर रिटर्न भरने की तारीख नजदीक आ रही है।  ऐसे में तमाम बातों के साथ आपके लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि आमदनी के सोर्स के आधार पर कौन-सा आईटीआर फॉर्म आपके लिए जरूरी है। इस साल इसके लिए 7 तरह के फॉर्म जारी किए गए हैं।

नई दिल्ली। आयकर रिटर्न भरने की तारीख नजदीक आ रही है।  ऐसे में तमाम बातों के साथ आपके लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि आमदनी के सोर्स के आधार पर कौन-सा आईटीआर फॉर्म आपके लिए जरूरी है। इस साल इसके लिए 7 तरह के फॉर्म जारी किए गए हैं। आईटीआर फॉर्म नंबर 1 से लेकर फॉर्म नंबर 4 तक इंडिविजुअल के लिए हैं, जबकि ITR फॉर्म 5 से लेकर 7 तक नॉन-इंडिविजुअल के लिए हैं। आइए जानते है कि किस व्यक्ति के लिए कौन सा फॉर्म भरना जरूरी है। 

वेतनभोगी व्यक्ति के लिए यह ध्यान देना जरुरी है की वित्त वर्ष 2016-17 या वित्त वर्ष 2017-18  के लिए जो टैक्स रिटर्न फॉर्म अधिसूचित है, वो इस प्रकार है :

     
 
आईटीआर 1 या सहज 

यह इनकम टैक्स रिटर्न फॉर्म उन व्यक्तियों के लिए है जिनका इनकम सालाना 50 लाख से कम है और वो वेतन या एक घर की संपत्ति से आय प्राप्त कर रहा हो या किसी बैंक की ब्याज जैसी कोई अन्य आय हो। दूसरे शब्दों में, यह फॉर्म उन व्यक्तियों द्वारा यूज किया जाना चाहिए जिनका वित्त वर्ष 2016-17 में पूरा इनकम कुछ इस प्रकार हो- 
1. सैलरी या वेतन द्वारा इनकम 
2. एक घर संपत्ति या 
3.  दूसरे श्रोतो से इनकम जैसे बैंक द्वारा ब्याज 

आगे, ऐसे मामले में जहां पति / पत्नी, नाबालिग बच्चे आदि की तरह किसी अन्य व्यक्ति की आय को करदाता की आय के साथ जोड़ा जाए, इस रिटर्न फॉर्म का इस्तेमाल केवल तब ही किया जा सकता है, जब ऐसी आय ऊपर की किसी भी श्रेणी में हो। यह आईटीआर फॉर्म वो व्यक्ति नहीं यूज कर सकते जिनका वित्त वर्ष 2017-18  में आय 50 लाख से ज्यादा हो।  

      


आईटीआर 2 

इस रिटर्न फॉर्म का इस्तेमाल किसी व्यक्ति या हिन्दू अविभाजित परिवार द्वारा किया जाना चाहिए, जिसकी वित्तीय वर्ष 2016-17 की कुल आय सैलरी का हो, पेंशन का हो, किसी घर सम्पाती का इनकम हो, किसी और श्रोत से इनकम हो, फर्म में एक व्यक्ति के रूप में एक व्यक्ति की आय, विदेशी संपत्ति / विदेशी आय, या 5,000 रुपये से अधिक कृषि आय हो। 

आगे आईटीआर -2 का इस्तेमाल उन मामलों में किया जाना चाहिए जहां किसी अन्य व्यक्ति की आय, जैसे कि किसी की पति या पत्नी, बच्चे, आदि को निर्धारित आय के साथ जोड़ा जाए। इस फॉर्म का इस्तेमाल वो लोग नहीं कर सकते जिनका आय श्रोत कोई मालिकाना व्यापार या पेशे से हो।  



कैसे और कहाँ से डाउनलोड करे आईटीआर फॉर्म 

आप अपना आईटी रिटर्न आयकर विभाग के वेबसाइट पर लॉग इन करके इ-फाइल कर सकते है। हालांकि, संबंधित आईटी रिटर्न फॉर्म को डाउनलोड करने के लिए, आपको आयकर विभाग की वेबसाइट (http://www.incometaxindia.gov.in/Pages/default.aspx/) में लॉग इन करना होगा और 'आयकर रिटर्न' पर क्लिक करना होगा।

 
वैकल्पिक रूप से, आप http://www.incometaxindia.gov.in/Pages/downloads/income-tax-return.aspx पर जाकर जरुरी फॉर्म डाउनलोड कर सकते हैं। वो व्यकित जिनकी आय 5 लाख से कम हो या वरिष्ठ नागरिकों के पास फॉर्म को मैन्युअल रूप से दाखिल करने का विकल्प  है।


आपको ये याद होना चाहिए की 1  जुलाई  2017 के बाद व्यक्तिगत इनकम टैक्स रिटर्न भरने के दौरान अपना आधार एनरोलमेंट संख्या या आधार संख्या भरना अनिवार्य हो गया है। अन्यथा आप आआईटी रिटर्न नहीं फाइल कर पाएंगे। 

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