पांच दिन दौड़ाने के बाद बैंक ने नहीं दिए पैसे, अब कैसे बजेगी शहनाई

Kushinagar, Uttar Pradesh, India
पांच दिन दौड़ाने के बाद बैंक ने नहीं दिए पैसे, अब कैसे बजेगी शहनाई

शादी के एक दिन पहले बैंक वालों ने शकुन्तला को रुपए देने से मना कर दिया...

शादी की खुशी पर बैंक का हंटर, पांच दिन दौड़ाने के बाद भी नहीं दिए रुपए

कुशीनगर. रामकोला थाने के चरगहां गांव में नोटबंदी ने एक परिवार के सामने विकट समस्या पैदा कर दिया है। बुधवार यानी तीस नवंबर को ही बेटे की बारात जाने वाली है और पांच दिन रुपये के लिए दौड़ाने के बाद उन्नसीस नवंबर को पूर्वांचल बैंक की रगड़गंज की शाखा ने रुपये देने से मना कर दिया। बैंक कर्मियों के इस रवैए से आक्रोशित ग्रामीणों ने मंगलवार को बैंक पर खूब हंगामा किया। लोगों का तेवर देख बैंक के कर्मचारी भाग खड़े हुए। ग्रामीणों का तर्क था कि रुपये नहीं देने थे तो पहले मना कर दिए होते।

मिली जानकारी के मुताबिक, रामकोला थाने के चरगहां गांव निवासी शकुंतला के बेटे की शादी बुधवार को है। घर पर तीस नवंबर को बारात ले जाने की खुशी में सभी चहक रहे थे लेकिन बैंक कर्मियों के रवैये से घर वालों की खुशी मंगलवार को काफूर हो गई। हुआ यह कि बारात के जरूरी खर्चों को निपटाने के लिए दुल्हे की मां शकुन्तला ने पांच दिन पूर्व पूर्वांचल ग्रामीण बैंक की रगड़गंज शाखा में पच्चीस हजार रुपए का विड्राल भर कर जमा किया था। 

बैंक कर्मी शकुंतला को रुपये देने के लिए पांच दिन से लगातार बैंक पर बुला रहे थे। बारात निकलने के एक दिन पूर्व मंगलवार को बैंक वालों ने शकुन्तला को रुपए देने से मना कर दिया। बैंक कर्मचारियों के इस रवैए की खबर मिलते ही चरगहां के ढ़ेर सारे ग्रामीण बैंक पर एकत्र हो गए और हंगामा करने लगे।  ग्रामीणों का तर्क था कि बैंक रुपए देने से पहले मना कर दिया होता तो शादी की रश्म पूरी करने के लिए परिवार कोई दुसरा विकल्प तलाशता। बारात निकलने के कुछ घंटे पूर्व  रुपये देने से मना करने से संबंधित परिवार विकल्प भी नहीं खोज सकता है।

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned