रिटायर्ड तीन प्रोफेसर्स को बुलाकर की भरपाई

Hamid Khan

Publish: Jun, 21 2017 01:08:00 (IST)

Sagar, Madhya Pradesh, India
रिटायर्ड तीन प्रोफेसर्स को बुलाकर की भरपाई

बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (बीएमसी) में पीजी की अनुमति मिलना टेढ़ी खीर नजर आ रही है। हाल ही में तीन प्रोफेसर्स के रिटायर होने के बाद से एमसीआई से मान्यता मिलना मुश्किल है। प्रबंधन द्वारा भरपाई के लिए शासन को पत्र भी लिखा गया है, लेकिन जुलाई से पहले प्रोफेसर्स की नियुक्ति हो पाना संभव नहीं है। एेसे में डीन डॉ. जीएस पटेल ने रिटायर हो चुके इन तीन प्रोफेसर्स को मना लिया है।

आकाश तिवारी. सागर. बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (बीएमसी) में पीजी की अनुमति मिलना टेढ़ी खीर नजर आ रही है। हाल ही में तीन प्रोफेसर्स के रिटायर होने के बाद से एमसीआई से मान्यता मिलना मुश्किल है। प्रबंधन द्वारा भरपाई के लिए शासन को पत्र भी लिखा गया है, लेकिन जुलाई से पहले प्रोफेसर्स की नियुक्ति हो पाना संभव नहीं है। एेसे में डीन डॉ. जीएस पटेल ने रिटायर हो चुके इन तीन प्रोफेसर्स को मना लिया है। खास बात यह है कि डॉ. पटेल के आग्रह को तीनों ने मानते हुए संविदा पर ज्वाइन करने को राजी हो गए हैं। पीजी के लिए जुलाई से पहले एमसीआई को रिपोर्ट सौंपकर दोबारा निरीक्षण के लिए बुलाना है। 
6 जेआर हुए नियुक्त 
मंगलवार को बीएमसी में जेआर के इंटरव्यू हुए। इसमें 6 जेआर को ज्वाइन कराया गया है। बीच में कई जेआर पीजी में सिलेक्शन होने के कारण चले गए हैं। उनकी भरपाई के लिए हर हफ्ते इंटरव्यू आयोजित किए जाएंगे। डॉ. पटेल के अनुसार हर हफ्ते जेआर व एसआर के इंटरव्यू की व्यवस्था कर दी गई है। कमेटी को दायित्व भी सौंपा गया है। 

ये आएंगे वापस
बीएमसी में हाल ही में तीन प्रोफेसर्स रिटायर्ड हुए थे। इनमें पीडियाट्रिक्स विभाग के प्रोफेसर एके रावत, एनाटॉमी से एस. अग्रवाल और एनेस्थिेसिया से प्रो. भानू वेद शामिल हैं। डीन डॉ. पटेल के अनुसार एमसीआई की गाइडलाइन में 70 वर्ष से अधिक आयु वाले प्रोफेसर्स संविदा पर नहीं रख सकते हैं, लेकिन इन सभी की आयु 65 वर्ष के आसपास है। 
जुलाई से पहले आ सकती है टीम 
16 मई को एमसीआई का तीन सदस्यीय दल पीजी के लिए निरीक्षण कर चुका है। 2 जून को एमसीआई ने अपनी रिपोर्ट बीएमसी को सौंप भी दी थी, इसमें 15 खामियां निरीक्षण में पाईं थीं। बीएमसी में पीजी कोर्स की अनुमति एमसीआई ने अपने निरीक्षण में नहीं दी है। उल्टा एमसीआई ने बीएमसी को एक महीने का अल्टमेट दिया है। इसको पूरा होने में अब कुछ दिन ही बचे हैं। बीएमसी प्रबंधन एमसीआई को दोबारा निरीक्षण के लिए बुलाने के लिए जल्द तैयार है।  2 जुलाई से पहले एमसीआई कभी भी निरीक्षण करने के लिए बीएमसी पहुंच सकती है। 
दूसरी बार ली बैठक 
डीन डॉ. पटेल का मानना है कि मर्जर के बाद से  काफी हद तक खामियां दूर हो गई हैं। डॉ. पटेल को पूरी उम्मीद है कि 8 विभागों में पीजी के लिए भेजे गए  प्रपोजल में से प्रमुख विभागों में पीजी की अनुमति मिल जाएगी। 6 जून को डॉ. पटेल द्वारा ली गई बैठक के बाद मंगलवार को दूसरी बैठक इसी सिलसिले में ली गई। 
-प्रोफेसर की कमी सबसे बड़ी समस्यी थी, तीन रिटायर्ड होने वाले प्रोफेसर वापस आने को तैयार हो गए हैं, इससे काफी हद तक मुश्किल कम हुई है। मर्जर के बाद बेड क्षमता बढ़ गई है, जो एमसीआई मुख्य रूप से देखती थी।
डॉ. जीएस पटेल, डीन, बीएमसी 

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