दो वर्ष से अटकी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की नियुक्ति

suresh mishra

Publish: Nov, 30 2016 09:35:00 (IST)

Sidhi, Madhya Pradesh, India
 दो वर्ष से अटकी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की नियुक्ति

आंगनबाड़ी में कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं की नियुक्ति गत दो वर्ष से लंबित है। जनपदस्तर पर  प्रक्रिया पूरी करने के बाद अफसरों ने जिलास्तर पर सूची भेज दी, लेकिन जिलास्तर पर कमेटी की बैठक न हो पाने के कारण दो वर्ष से अंतिम सूची जारी नहीं की जा सकी।


सीधी
आंगनबाड़ी में कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं की नियुक्ति गत दो वर्ष से लंबित है। जनपदस्तर पर  प्रक्रिया पूरी करने के बाद अफसरों ने जिलास्तर पर सूची भेज दी, लेकिन जिलास्तर पर कमेटी की बैठक न हो पाने के कारण दो वर्ष से अंतिम सूची जारी नहीं की जा सकी। अभ्यर्थी जिला महिला बाल विकास के चक्कर काटकर थक चुके हैं।

किंतु जिला प्रशासन इस दिशा में कदम नहीं बढ़ा रहा है। वहीं आंगनबाड़ी केंद्रों का लाभ ग्रामीणों को नहीं मिल पा रहा। जनप्रतिनिधियों ने भी कई मर्तबा इस मुद्दों को उठाया, इसके बावजूद प्रशासन ने कमेटी की बैठक कर सूची को अंतिम रूप नहीं दे पाया।


सूची का प्रकाशन नहीं
नवीन केंद्रों के लिए आवेदन बुलाए थे। जनपद स्तर पर महिला बाल विकास व जनपदों ने सूची को मेरिट तैयार कर अंतिम रूप देने के लिए जिला महिला बाल विकास विभाग के कार्यक्रम अधिकारी को सौंप दी। किंतु दो वर्ष का समय बीत जाने के बाद भी आज तक इस सूची का प्रकाशन नहीं किया गया।  


एक सैकड़ा से ज्यादा पद रिक्त
बताते चलें कि जिलास्तर पर कमेटी के द्वारा बैठक लेकर नियुक्ती के मामले का निराकरण न होने के कारण एक जिले के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों में कार्यकर्ता व सहायिकाओं के एक सैकड़ा से ज्यादा पद रिक्त पड़े हुए हैं। पूर्व में 35 केंद्रों के लिए नियुक्ति लटकी हुई थी वहीं विगत कुछ माह पूर्व आमंत्रित किए गए 64 आंगनबाड़ी केंद्र में नियुक्ती के मामले अधर में लटके हुए हैं।


येे हैं कमेटी के सदस्य

जनपद स्तर पर मामले की सूची तय होने के बाद जिला स्तर पर सूची को दस्तावेज के साथ प्रस्तुत कर दी जाती है। जहां एक कमेटी का गठन किया जाता है। इस कमेटी में जिला पंचायत सीईओ अध्यक्ष, महिला बाल विकास कार्यक्रम अधिकारी सचिव, कलेक्टर प्रतिनिधि सदस्य, जिला पंचायत अध्यक्ष नामांकित जनप्रतिनिधि सदस्य एवं संबंधित जनपद का महिला बाल विकास अधिकारी बतौर सदस्य कमेटी में शामिल होते हैं।

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