इन मंदिरों में पूरी होती हैं भक्तों की हर मन्नत, पाक मुस्लिम भी सिर झुकाते हैं

Sunil Sharma

Publish: Feb, 19 2017 03:57:00 (IST)

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इन मंदिरों में पूरी होती हैं भक्तों की हर मन्नत, पाक मुस्लिम भी सिर झुकाते हैं

धर्म के नाम पर अलग हुए पड़ौसी देश पाकिस्तान में भी हिंदुओं के तीर्थस्थल है

हिंदू तीर्थों का नाम सुनते ही जेहन में भारत, नेपाल और भूटान का नाम आता है। लेकिन कुछ तीर्थ ऐसे भी हैं जो पाकिस्तान जैसी जगहों पर भी हैं। जी हां, धर्म के नाम पर अलग हुए पड़ौसी देश पाकिस्तान में भी हिंदुओं के तीर्थस्थल है। यही नहीं इन तीर्थों की मान्यता भी है। आज इस पोस्ट में आप ऐसे ही कुछ मंदिरों के बारे में जानेंगे जो पाकिस्तान में होते हुए भी देश-विदेश के हिंदुओं की श्रद्धा का केन्द्र बने हुए हैं।

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कटाक्षराज महादेव मंदिर

पाकिस्तान के पंजाब के चकवाल जिले में मौजूद कटाक्षराज महादेव मंदिर को भगवान शिव का तीर्थस्थल माना जाता है। यहां पर मंदिरों की एक पूरी श्रृंखला है जो कई हजारों वर्षों का इतिहास समेटे हुए हैं। यहां पर पानी का एक सरोवर भी है जिसमें स्नान के बाद ही भगवान की पूजा-अर्चना के लिए जाते हैं। वर्तमान में यह मंदिर पाक के प्रमुख पर्यटन स्थलों में एक बन गया है। इसे यूनेस्को ने भी संरक्षित धरोहरों में शामिल किया हुआ है।

हिंगलाज माता मंदिर
बलूचिस्तान प्रांत के लासबेला जिले में हिंगोल नदी के किनारे स्थित हिंगलाज माता का मंदिर मां दुर्गा को समर्पित हैं। इस तीर्थस्थल पर मुस्लिम भी आकर शीश नवाते हैं। यह पाक में हिंदुओं का सबसे बड़ा तीर्थस्थल है।

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पंचमुखी हनुमान मंदिर
पाकिस्तान की कारोबारी राजधानी कराची में भी रामभक्त हनुमानजी का मंदिर है। यहां हनुमानजी पंचमुखी स्वरूप में विराजमान है। कहा जाता है कि इस मंदिर का संबंध त्रेतायुग से हैं। एक तपस्वी की तपस्या से प्रसन्न होकर हनुमानजी स्वयं यहां प्रकट हुए थे, उन्होंने ही इस स्थान पर मंदिर बनाने की आज्ञा दी। इस मंदिर में भी लोग बिना धर्म के भेदभाव के आते हैं और अपनी मन्नत पूरी होने की अरदान करते हैं।

राम मंदिर
इसी तरह नागरपारकर के इस्लामकोट में पाकिस्तान का इकलौता ऐतिहासिक राम मंदिर भी है। इस मंदिर की भव्यता आज भी देखने ही बनती है। आज भी यहां श्रद्धालु अपनी मन्नत पूरी करने की आस लिए आते हैं।

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