नदी का रास्ता रोक कर रहे थे रेत का अवैध खनन

Widush Mishra

Publish: Jun, 20 2017 08:19:00 (IST)

Tikamgarh, Madhya Pradesh, India
नदी का रास्ता रोक कर रहे थे रेत का अवैध खनन

जतारा क्षेत्र में प्रशासन द्वारा की जा रही कार्रवाई के बाद जिले में चल रहे रेत के अवैध कारोबार की परत दर परत खुलती जा रही है। रेत माफिया जीवनदायिनी धसान नदी का सीना छलनी करने से भी परहेज नहीं कर रहे



टीकमगढ़। जतारा क्षेत्र में प्रशासन द्वारा की जा रही कार्रवाई के बाद जिले में चल रहे रेत के अवैध कारोबार की परत दर परत खुलती जा रही है। रेत माफिया जीवनदायिनी धसान नदी का सीना छलनी करने से भी परहेज नहीं कर रहे। रेत खनन में लगी इस कंपनी के हौसले इतने बुलंद थे कि रेत खनन के लिए नदी का बहाव रोक कर बांध बना तक लिए। पुलिस व प्रशासन ने मंगलवार को संयुक्त रूप से कार्रवाई की। इस कार्रवाई में पलेरा थाना क्षेत्र के ग्राम गौना-करौला से रेत का अवैध खनन और परिवहन करते हुए 3 पनडुब्बी, 2 पोकलेन मशीन और 6 0 ट्रक जब्त किए गए।उपरारा की सपरार नदी के बाद प्रशासन द्वारा की गईइस दूसरी बड़ी कार्रवाई ने एक बार फिर से खनिज विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

रेत खदानों के ठेके के नाम पर रेत कारोबारी नियम-कायदे को ताक पर रखकर जिले की जीवनदायनी नदियों का सीना छलनी कर रहे हैं।खदान की निर्धारित सीमा के बाहर जाकर ठेकेदार मशीनों से नदियों से रेत निकाल कर न केवल शासन को राजस्व की हानि पहुंचा रहे हैं, बल्कि नदियों के प्राकृतिक स्वरूप को भी बिगाड़ रहे हैं।

बना लिया था रेत का बांध
 एएसपी राकेश खाखा और जतारा एसडीएम आदित्य सिंह ने मंगलवार को भारी पुलिस बल के साथ ग्राम गौना कलौरा में रेत के अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई की। यहां पर चल रहे इस अवैध खनन के कारोबार को देखकर एक बार तो अधिकारियों के भी होश उड़ गए। खाखा ने बताया कि यहां धसान नदी पर रेत निकालने में लगी कंपनी ने छतरपुर की ओर से नदी को पाट कर मुरम और रेत का बांध ही बना लिया है। इसी बांध से ही रेत के अवैध वाहनों को छतरपुर जिले की सीमा में भेजा जाता था।

उन्होंने बताया कि यहां पर घाट पर फैली रेत को एलएनटी मशीनों की सहायता से निकाला जा रहा था। वहीं नदी के बीच से रेत निकालने के लिए ठेकेदारों ने तीन बड़ी पनडुब्बी भी लगा रखे थे।रेत का परिवहन करने के लिए इस कंपनी ने 6 0 ट्रक मंगवाए थे।
की जा रही नाप: कार्रवाईके बाद जतारा एसडीएम सिंह ने खनिज और राजस्व विभाग को पूरे क्षेत्र की नाप कर अवैध खनन का केस बनाने की बात कही है। यह खनन रेत कारोबार कंपनी शिवा कार्पोरेशन द्वारा किया जा रहा है।

 एसडीएम सिंह ने बताया कि यहां पर भी कंपनी अपने निर्धारित क्षेत्र को छोड़कर दूसरे स्थान से खनन कर रही थी।उन्होंने बताया कि खनिज विभाग को नाप के बाद जुर्माने की कार्रवाईकरने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि शासन ने 15 जून से नदियों से रेत के खनन के साथ ही मशीनों के उपयोग पर प्रतिबंध लगा रखा है।

क्या करता रहा विभाग और प्रशासन
 गौना-करौला में हुई कार्रवाई में धसान नदी पर रेत का बांध बना लेने की जानकारी होने पर लोगों ने खनिज विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाए हैं।लोगों का कहना है कि खनन के लिए कंपनी द्वारा नदी के बहाव क्षेत्र में बांध का निर्माण तक कर लिया गया और इसकी जानकारी खनिज विभाग और प्रशासन को नहीं हुई, यह लापरवाही ही प्रदर्शित करता है। रेत माफियाओं ने यह बांध रातोंरात तो बनाया नहीं होगा। जब यह पुल बन रहा था उस समय विभाग क्या कर रहा था। विदित हो कि शिवा कार्पोरेशन द्वारा जिले में काफी समय से रेत खनन का कार्य किया जा रहा है। पहले भी इस कंपनी पर कई प्रकार के आरोप लग चुके हैं।

करोड़ों के खनन का मामल
 कार्रवाई के बाद अंदाजा लगाया जा रहा है कि ठेकेदार ने करोड़ों रुपए की रेत का अवैध खनन किया है। खनिज विभाग नदी के घाटों पर किए गए खनन का तो माप लेगा, लेकिन पनडुब्बी से जो रेत नदी के अंदर से निकाली गई उसका आकलन कैसे किया जाएगा। समाचार लिखे जाने तक विभाग इसकी नापतौल में लगा हुआ था।
कहते हैं अधिकारी: खनिज विभाग को निर्देश देकर नापतौल करने को कहा गया है। नापतौल के बाद ही जुर्माना तय किया जाएगा।- आदित्य सिंह, एसडीएम, जतारा।

ठेकेदार द्वारा पुल बनाकर रेत निकाली जा रही थी। इतनी बड़ी मात्रा में रेत का खनन होना आश्चर्यजनक है। यहां पर पकड़े गए ट्रकों की जांच के लिए आरटीओ और पुलिस दोनों को निर्देश दिए गए हैं। वहीं राजस्व विभाग खनन क्षेत्र की नाप कर रहा है।- राकेश खाखा, एएसपी, टीकमगढ़।


Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned