अखिलेश के साइकिल ट्रैक पर बस साइकिलें ही नहीं हैं

अखिलेश के साइकिल ट्रैक पर बस साइकिलें ही नहीं हैं
cycle track

sandeep tomar | Publish: Dec, 30 2016 03:15:00 PM (IST) Noida, Uttar Pradesh, India

नोएडा में सड़क से गुजरते समय आपको सड़कों के किनारे लाल रंग की एक पट्टी दिखाई पड़ेगी

नोएडा। अगर आप नोएडा में हैं तो सड़क से गुजरते समय आपको सड़कों के किनारे लाल रंग की एक पट्टी दिखाई पड़ेगी। ये पट्टी या तो खाली दिखेगी या फिर इस पर कहीं-कहीं अतिक्रमण या पार्किंग दिख सकती है लेकिन शायद ही इस ट्रैक पर आपको कोई साइकिल से चलता हुआ नजर आए।

Image may contain: car and outdoor

नोएडा ही नहीं प्रदेश के कई शहरों में इस तरह की लाल रंग की साइकिल पट्टी दिखाई दे जाएगी। दरअसल दो तीन साल पहले जब अखिलेश नीदरलैंड से लौटे थे तो राज्य के कई शहरों में साइकिल ट्रैक बनवानेे की योजना भी अपने साथ लेकर आए थे। इस ट्रैक को तैयार करने का डिजाइन उन्होंने नीदरलैंड की ही एक कंपनी को सौंपा था। इसके बाद इसके अमल पर जोर शोर से काम शुरू हो गया। कुल मिलाकर ये पूरा प्रोजेक्ट 150 करोड़ रुपए का था। नोएडा में ये साइकिल ट्रैक वर्ष 2016 में करीब 44 किलोमीटर की दूरी को कवर करने वाला था।

नोएडा में साइकिल ट्रैक पर साइकिल को छोड़कर सबकुछ

नोएडा में सेक्टर 62, 63, 64, 44 और कई अन्य सेक्टर्स के आसपास ये ट्रैक या तो बन गए हैं या बनने वाले हैं। इसके अलावा रजनीगंधा चौक से सेक्टर 12 की ओर जाने वाली मुख्य सड़क के साथ ही ये दिखता है। लेकिन जहां कहीं ये ट्रैक नजर आता है, उस पर आमतौर पर कहीं भी साइकिलें चलती नहीं दिखतीं बल्कि लोग इसके बावजूद साइकिलों के लिए मुख्य सड़कों का ही इस्तेमाल करते हैं।

Image may contain: car and outdoor

पार्किंग लाट बने ये साइकिल ट्रैक

कुछ सेक्टर्स और रजनीगंधा चौक के आसपास इस ट्रैक को कुछ लोगों ने पार्किंग लाट में बदल दिया है। जिस पर या कारें पार्क हो रही हैं या फिर मोटरसाइकिलें। कुछ लोगों को ये ट्रैक समाजवादी पार्टी का प्रचार लगते हैं। उनका कहना है कि जिस तरह से लाल पट्टी पर जगह जगह साइकिल के लोगों बनाए गए हैं, उससे लगता है कि ये पार्टी का प्रचार हो रहा है।

ट्रैक में भ्रष्टाचार का भी आरोप

प्रदेश में चूंकि इस तरह के ट्रैक आगरा, बरेली, मेरठ, गाजियाबाद आदि समेत कई शहरों में बनाए जा रहे हैं, लिहाजा इनको लेकर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार की चर्चाएं भी आम हैं। इन पर गड़बड़ियों की बात की जा रही है। कई जगहों पर बस लाल रंग से पेंट कर दिया गया है ये भी नहीं देखा गया कि जहां से ट्रैक से जा रहा है, वो एक समान है भी या नहीं।
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned