देश के सबसे बड़े एयरपोर्ट के लिए इसी माह खाली होंगे सात गांव, अगस्त में PM Modi करेंगे शिलान्यास

देश के सबसे बड़े नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए सात और गांव के किसानों को टाउनशिप में किया जा रहा विस्थापित।

By: lokesh verma

Published: 11 Jun 2021, 02:07 PM IST

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
नोएडा. देश के सबसे बड़े नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport)के शिलान्यास के साथ निर्माण कार्य अगस्त में शुरू होगा। एयरपोर्ट का भूमिपूजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) करेंगे, वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) कार्यक्रम की मेजबानी करेंगे। बताया जा रहा है कि इसी माह सात और गांव के किसानों को विस्थापित कर दिया जाएगा। सभी ग्रामीणों को टाउनशिप में विस्थापित करने की प्रकिया शुरू कर दी गई है। बता दें कि 2024 में जेवर में बनने वाले इस एयरपोर्ट से पहली उड़ान शुरू कर दी जाएगी। मेंटेनेंस वर्कशॉप के कारण एयरपोर्ट पर रनवे की संख्या भी बढ़ाई गई है।

यह भी पढ़ें- किसान जरूर कराएं भूमि की जांच, नहीं तो बंजर हो सकती है आपकी कृषि भूमि

उल्लेखनीय है कि एसबीआई ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए 3725 करोड़ रुपए लोन दिया है। 2024 में नोएडा एयरपोर्ट की शुरुआत के साथ ही फिल्म सिटी के पहले चरण का निर्माण कार्य पूरा कर शूटिंग शुरू कर दी जाएगी। बताया जा रहा है कि एयरपोर्ट के बाद नवंबर में फिल्म सिटी का निर्माण कार्य भी शुरू कर दिया जाएगा। सूत्रों की मानें तो एयरपोर्ट विकासकर्ता कंपनी यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने सात और गांवों की 1350 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया है।

इस महीने के अंत तक ग्रामीणों को विस्थापित कर गांवों की जमीन खाली करा ली जाएगी। इस सात गांवों नगला शरीफ, दयानतपुर खेड़ा, रोही, नगला छीतर, नगला गणेशी, नगला फूल खां और किशोरपुर के लोगों को टाउनशिप में विस्थापित किया जाएगा। टाउनशिप में सभी ग्रामीणों को प्लॉट दिए गए हैं। ये टाउनशिप करीब 48 हेक्टेयर में बनाई गई है।

हवाई जहाजों की मरम्मत के लिए नहीं जाना होगा विदेश

ज्ञात हो कि जेवर में बनने वाला इंटरनेशनल एयरपोर्ट देश का सबसे बड़ा अंतररास्ट्रीय एयरपोर्ट होगा। इसके अलावा यहां देश का सबसे बड़ा हवाई जहाजों की रिपेयरिंग का वर्कशॉप मेंटिनेंस रिपेयरिंग एंड ओवरहॉलिंग हब भी बनाया जा रहा है। यही वजह है कि अब इस इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर दो की बजाय पांच रनवे बनाए जाएंगे।

बता दें कि अभी तक देश के हवाई जहाजों की रिपेयरिंग का कार्य सिंगापुर, श्रीलंका समेत यूरोपीय देशों में कराया जाता है। सरकार की इस पहल से एयर एविएशन कंपनियों को बाहर नहीं जाना पड़ेगा। 2024 तक एयरपोर्ट के पहले चरण के रनवे पर उड़ान शुरू हो जाएगी। ज्यूरिख कंपनी इस एयरपोर्ट का निर्माण कार्य करेगी।

यह भी पढ़ें- UP Assembly election 2022: बुद्धालैंड या पूर्वांचल, आखिर फिर क्यों उठी यूपी के बंटवारे की बात

lokesh verma
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned