एक एेसा पिछड़ा समाज जिनके पास रहने को घर नहीं था अब बेटियों को पढ़ाने चला

सामाजिक कुरीतियों पर लगाम कसने आगे आया मारू बंजारा समाज

By: Avinash Kewaliya

Published: 11 Dec 2017, 02:30 PM IST

सामाजिक कुरीतियों पर लगाम कसने आगे आया मारू बंजारा समाज

बाल विवाह, दहेज प्रथा व ओढ़ावणी प्रथा पर लगी रोक

रोहट.

बाल विवाह व दहेज प्रथा सरीखी सामाजिक कुरीतियों पर रोक लगाने भाट समाज आगे आया है। यह सब संभव हो पाया है रोहट पंचायत समिति के कलाली ग्राम पंचायत के सरपंच सरदार भाट की पहल से। उन्होंने भाट समाज को एकत्रित कर समाज से कुरीतियों व कुप्रथा पर पूर्णतया रोक लगाने की पहल की, जिसे पूरे समाज ने समर्थन दिया है।

दरअसल, कस्बे में रविवार को समस्त मारू बंजारा समाज की आम बैठक हुई, जिसमें कलाली सरपंच सरदार भाट ने समाज को आगे बढ़ाने के लिए समाज से कुरीतियों को मिटाने का पूरे समाज से आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज में कोई भी व्यक्ति दहेज नहीं लेगा और न ही दहेज देगा। साथ ही कोई भी व्यक्ति अपने बच्चों का बाल विवाह नहीं करेगा। इसके साथ ही शादी विवाह व सगाई में की जाने वाली ओड़ावणी प्रथा पर भी पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। सरपंच की इस पहल को समाज ने पूर्ण रूप से समर्थन दिया।

बैठक में ये रहे मौजूद

समाज में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने सहित समाज हित के मुद्दों पर चर्चा करने के लिए राष्ट्रीय स्तर की आगामी बैठक 24 दिसम्बर को रोहट रामपुरा कलाली रोड़ पर होगी। इस दौरान बैठक में सरपंच सरदारराम भाट, हिम्मताराम, पीराराम, धुलाराम, बाबूलाल, जीताराम अरटिया बोर, सेठाराम अरटिया, शंकरलाल, सामाराम, दिलाराम, रायमल, वोराराम, रतनाराम, छोगाराम, मेदाराम, नगाराम, सोनाराम, भागीराम, बाबुलाल, नारायण, आबुराम, खीमाराम, ओमाराम, चेनाराम सहित समाज के लोग मौजूद थे।

बालिका शिक्षा को देंगे बढ़ावा

बैठक में सरपंच ने कहा कि समाज को पूरी तरह से शिक्षित करना होगा। विशेषकर समाज में बालिकाओं को शिक्षित किया जाए, जिससे दो घरों में उजाला हो गया। इस दौरान मौजूद समाजबंधुओं ने बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने पर सहमति जताई।

 

 

Avinash Kewaliya
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