हाइवे पर टोल कम्पनियों की मनमानी, नहीं हटाए मवेशी, बुझ रहे ‘चिराग’

- ब्यावर-पिंडवाड़ा हाइवे व पाली-जोधपुर हाइवे पर मवेशियों का राज
- कलक्टर के आदेश भी नहीं माने टोल कम्पनियों ने
- रोज हादसों में मर रहे वाहन चालक

By: Suresh Hemnani

Updated: 16 Sep 2020, 08:51 AM IST

पाली। पाली के ब्यावर-पिंडवाड़ा व जोधपुर-पाली हाइवे पर मवेशियों का राज है। रोजाना हादसों में आमजन अपनी जान गंवा रहा है, लेकिन टोल कम्पनियां बेपरवाह है। जिला कलक्टर अंशदीप ने गत दिनों बैठक कर टोल कम्पनियों को हाइवे से मवेशी हटाने के लिए कहा, लेकिन औपचारिकता कर इतिश्री कर ली। जबकि रोजाना इन हाइवे पर हादसे हो रहे हैं। एक दिन पूर्व गुंदोज चौकी के पास ट्रेलर जलने की घटना भी मवेशी की वजह से हुई। गत माह जेईएन की जान भी मवेशी को बचाने के फेर में गई। पिछले बीस दिन में 14 जने मवेशियों के कारण हादसे का शिकार होते हुए जान गंवा चुके हैं।

केस-1
तखतगढ़ थाना क्षेत्र के बडग़ावड़ा-लापोद मार्ग पर घुमावदार मोड़ पर गत सप्ताह मवेशी को बचाने के फेर में बाइक नीम के पेड़ से जा टकरा गई। हादसे में बाइक चालक पावा निवासी प्रकाश की मौत हो गई। मवेशियों को हटाने का काम किसी ने नहीं किया।

केस-2
झुंझुनूं जिले के लाखू तहसील के चिड़ावा निवासी आजाद यादव पुत्र जगदेवसिंह यादव, जो कि डिस्कॉम में जेइएन के पद पर कार्यरत थे। वे गत माह कार लेकर सेंदड़ा-सुमेरपुर फोरलेन पर जा रहे थे। जाडन के निकट मवेशी को बचाने के फेर में कार अनियंत्रित होकर सडक़ किनारे खाई में दूसरी तरफ जाकर पलट गई। हादसे में जेइएन आजाद यादव की मौके पर ही मौत हो गई।

केस-3
गुड़ा एंदला थाना क्षेत्र के गुंदोज के निकट पुलिस चौकी के सामने मवेशी को बचाने के फेर में रविवार रात को एक ट्रेलर आगे चल रहे ट्रक में घुस गया। हादसे के बाद ट्रेलर में आग लग गई। चालक व खलासी बच गए, लेकिन आग से ट्रेलर पूरी तरह से जल गया। पुलिस का कहना है कि हाइवे से मवेशियों के कारण हादसे हो रहे हैं। टोल कम्पनियां परवाह नहीं कर रही है।

सिर्फ वसूली पर फोकस
जिन हाइवे पर टोल वसूली हो रही है, वहां से मवेशी हटाने का काम टोल कम्पनियों का है, लेकिन टोल कम्पनियां इन पर ध्यान नहीं देती। ब्यावर-पिंडवाड़ा हाइवे पर तीन टोल आते हैं, लेकिन एक भी टोल सीमा में मवेशी को हटाने पर गंभीरता से काम नहीं होता। कम्पनियों का फोकस केवल टोल वसूली पर ही है। जबकि हाइकोर्ट भी मवेशी के मुद्दे पर टिप्पणियां कर चुका है। कुछ ऐसे ही हालात पाली-जोधपुर हाइवे के है।

टोल कम्पनियों को फिर से कहेंगे
हाइवे पर मवेशियों के कारण वाहन चालकों की जान जाना गंभीर है। गत दिनों जिला कलक्टर ने भी इसके लिए टोल कम्पनियों को कहा था, यह जिम्मेदारी टोल कम्पनियों की है। उन्हें फिर से कहा जाएगा। - राजेन्द्र दवे, डीटीओ, पाली

Suresh Hemnani Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned