मिशन 2019: भाजपा-जदयू में सीट बंटवारों पर सहमति, सम्मानजनक हुआ समझौता-नीतीश कुमार

मिशन 2019: भाजपा-जदयू में सीट बंटवारों पर सहमति, सम्मानजनक हुआ समझौता-नीतीश कुमार

Prashant Kumar Jha | Publish: Sep, 16 2018 06:39:47 PM (IST) राजनीति

अगामी लोकसभा चुनाव में बिहार में बड़े भाई और छोटे भाई जैसी कोई चर्चा नहीं होगी। भाजपा जदयू के बीच सीट बंटवारों पर सहमति बन गई है।

पटना: अगामी लोकसभा चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर भाजपा और जदयू के बीच चल आ रहा विवाद फिलहाल थम गया। भारतीय जनता पार्टी और जनता दल युनाइटेड (जेडीयू) के बीच सीटों के बंटवारे पर सहमति बन गई है। रविवार को जनता दल (यू) के नेता आरसीपी सिंह ने इस बारे में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसी जानकारी दी। दरअसल दोनों पार्टियां में इस पर लंबे वक्त से सहमति नहीं बन पा रही थी। कई बार दोनों ही पार्टियों के नेताओं की बीच मतभेद देखने को मिले थे। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सीटों के बंटवारे पर भाजपा से सम्मानजनक समझौता हो गया है। हालांकि अभी उन्होंने इस बारे में खुलासा नहीं किया कि कितनों सीटों पर दोनों के बीच सहमति बनी है। सीट बंटवारे पर बोलते हुए आरसीपी सिंह ने बताया कि दोनों पार्टियों के बीच काफी लंबे वक्त से बातचीत चल रही थी और अब यह आखिरी स्टेज पर है। सिंह ने बताया कि इसके बारे में जल्द ही कोई आधिकारिक सूचना दी जाएगी।

प्रशांत किशोर हुए जदयू में शामिल

वहीं चर्चित चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने रविवार को जेडीयू का दामन थाम लिया। इससे पहले उन्‍होंने अपने टि्वटर हैंडल से इस बात की जानकारी दी थी। जनता दल यूनाईटेड (जेडीयू) के नेता केसी त्यागी ने पार्टी के चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर की पार्टी में शामिल होने पर कहा है कि हम उनका खुले दिल से स्वागत हैं।

भाजपा-जदयू के बीच संबंध हुए थे खराब

गौरतलब है कि बिहार में 40 लोकसभा सीट को लेकर एनडीए के घटक दलों के बीच पिछले कुछ समय से खींचतान जारी थी। जदयू प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि लोकसभा हो या विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार के चेहरे को ही एनडीए आगे रखेगा। जून में जेडीयू के प्रवक्‍ताओं ने कहा कि देश भर में एनडीए गठबंधन के नेता पीएम मोदी होंगे जबकि बिहार में सीएम नीतीश कुमार बड़े भाई की भूमिका में होंगे। इस बात को लेकर जून-जुलाई में जेडीयू और भाजपा के बीच संबंध टूटने के कगार तक पहुंच गया था। लेकिन अमित शाह के बिहार दौरे के बाद मामला ठंडा गया था।

नए फॉर्मूले को लागू करने की थी उम्मीद

गौरतलब है कि बिहार में लोकसभा सीटों को नए फार्मूले पर लड़ने की चर्चा चल रही थी। नए फॉर्मूले के अनुसार भाजपा 40 में से 20, जेडीयू 12 प्‍लस वन, एलजेपी छह और आरएलएसपी दो सीटों पर चुनाव लड़ सकती थी। हालांकि इस फार्मूले पर अंतिम रूप से सहमति नहीं बन पाई है। न ही आधिकारिक रूप से किसी से इन बात की पुष्टि की है। दरअसल वर्तमान में भाजपा के 22 सीटिंग एमपी हैं। नए फार्मूले के हिसाब से उसे 20 सीट मिलने की उम्‍मीद है।

Ad Block is Banned