ग्रामीणों ने किया यह महान काम, फिर ग्रामीणों ने लिया यह प्रण अब बना डाला आवागमन का यह बड़ा रास्ता

ग्रामीणों ने किया यह महान काम, फिर ग्रामीणों ने लिया यह प्रण अब बना डाला आवागमन का यह बड़ा रास्ता

By: Madhav Singh

Updated: 30 Sep 2020, 11:36 AM IST

रायबरेली . (Raebareli) उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्रदेश में लगातार विकास को लेकर बजट पेश किया जाता है । सरकार सबसे ज्यादा ग्राम स्तर पर बजट का उपयोग करती है, जिससे ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके और वह अपने जीवन को सही ढंग से चला सके। लेकिन सत्ताधारी पार्टी के विधायक के क्षेत्र शिवगढ़ में ही विकास को लेकर ग्रामीण रोना रोते रहते हो और अपने पैसे से चंदा लगाकर और श्रमदान करके गांव का विकास करें तो यह सरकार के लिए काफी निराशाजनक प्रभाव डालने वाली बात सकती है।


ग्रामीणों ने किया यह महान काम, फिर ग्रामीणों ने लिया यह प्रण अब बना डाला आवागमन का यह बड़ा रास्ता

शिवगढ़ में गांव के आसपास के लोगों को आने जाने के लिए काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था । जिससे आसपास के गांव के लोगों में काफी आक्रोश था, इस आवागमन के रास्ते के लिए ग्रामीणों ने शिकायत कई बार खंड विकास अधिकारी से भी की थी। लेकिन ग्रामीणों की समस्या को सुनने वाला कोई नहीं था ,जबकि इस विधानसभा में भाजपा के विधायक राम नरेश रावत हैं और सरकार भी उनकी है लेकिन इस क्षेत्र मे कई दफा ऐसा हो चुका है जो ग्रामीणों ने अपना पैसा और श्रमदान कर गांव में विकास किए हैं। जब यह मामला प्रशासन ने नहीं सुना तो ग्रामीणों ने इस समस्या का निदान करने के लिए स्वयं मरम्मत कराने के लिए प्रण कर लिया कि अब इस आवागमन के रास्ते को हम ही लोग सुधार करेंगे। जिन ग्रामीणों ने किया था वह यह है नौशाद मंसूरी, राजेश कुमार, कमलेश, देवी प्रसाद, पंकज, पुनीत गुप्ता, बंसीलाल, विजय ,लक्ष्मी कुमार, शिवदास आदि ने आपस में चन्दा जुटाने के साथ ही श्रमदान करके आवागमन का रास्ता दुरुस्त किया।


ग्रामीण ग्रामीणों की हो रही भूरी भूरी प्रशंसा

ग्रामीणों द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की चारों ओर चर्चा हो रही है। ग्रामीणों ने बताया कि भवानीगढ - बैंती सम्पर्क मार्ग से जुड़े जयचंदपुर - पिपरी सम्पर्क मार्ग से होकर ग्रामीणों का दिन रात आवागमन रहता है। जिस पर खड़ंजा लगवाने के लिए ग्राम प्रधान एवं खण्ड विकास अधिकारी से कई बार मांग की किंतु किसी ने उनकी एक न सुनी। ग्रामीणों ने बताया कि बारिश में कच्चे मार्ग के बह जाने के कारण काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। जिसकी मरम्मत के लिए खण्ड विकास अधिकारी से कई बार मांग की गई किंतु नतीजा शून्य रहा। जिसके वे चलते अपने आपको ठगा सा महसूस कर रहे थे। शिकायत के बाद भी सम्पर्क मार्ग की मरम्मत न होने से जब उनकी आस टूट गई तो उन्होंने सम्पर्क मार्ग की मरम्मत का जिम्मा स्वयं के कंधों पर उठा लिया।

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Madhav Singh
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