सावित्री नगर में मीना बाजार के विवाद निपटाने पहुंचे तहसीलदार
रायगढ़Published: Jul 11, 2023 08:25:50 pm
0 स्थानीय लोगों ने जमकर किया विरोध


सावित्री नगर में मीना बाजार के विवाद निपटाने पहुंचे तहसीलदार
रायगढ़. शहर में लगने वाले सुप्रसिद्ध श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मेले में मीना बाजार लगाने के लिए पूर्व स्थल सावित्री नगर में इस बार मेला लगाने के लिए स्थानीय निवासी काफी विरोध कर रहे हैं। जिसको लेकर मंगलवार को तहसीलदार मौका मुआयना के लिए पहुंचे थे, लेकिन अभी तक मीना बाजार लगना है या नहीं इसका खुलासा नहीं हो पाया है।
गौरतलब हो कि शहर के सावित्रीनगर में लगने वाले मीना बाजार को लेकर इस बार काफी विरोध चल रहा है। जिसको लेकर स्थानीय लोगों के साथ पार्षद भी इसके विरोध में उतर गए हैं। इनका कहना है कि सावित्रीनगर मार्ग सिंगल रोड के साथ रेलवे माल धक्का होने के कारण इस सडक़ में काफी ट्राफिक होती है। ऐसे में मीनाबाजार लगने से स्थानीय लोगो के साथ-साथ दर्शकों को भी जाम का सामना करना पड़ता है। ऐसे में पूर्व सभापति सलीम नियारिया, पार्षद पति मुक्तिनाथ, एल्डरमैन वसीम खान, पार्षद रत्थू जयसवाल, बबलू बारेठ सहित स्थानीय निवासियों ने इस स्थल पर मीनाबाजार न लगाकर अन्यत्र लगाने की मांग कर रहे हैं। साथ ही स्थानीय लोगों का कहना है कि यहां मीना बाजार लगने से देर रात तक जाम की स्थिति बनी रहती है और आए दिन विवाद होते रहता है। साथ ही कुछ असमाजिक तत्वों द्वारा रात के समय बीच सडक़ में ही शराब का सेवन करते हुए बोतल को भी तोड़ देते हैं, जिससे काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। वहीं इस विवाद को लेकर मीना बाजार संचालकों द्वारा सावित्री नगर के निजी भूमि में लगाने प्रशासन से अनुमति की मांग की है।
जांच के लिए पहुंचे तहसीलदार
गौरतलब हो कि लगातार हो रहे विरोध को देखते हुए मंगलवार को जिला प्रशासन की तरफ से तहसीलदार लोमेश मिरी के नेतृत्व में भू स्थल निरीक्षण किया गया। इस दौरान जन प्रतिनिधियों के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद थे, जो इसको लेकर विरोध जताया है। ऐसे में तहसीलदार रिपोर्ट तैयार करते हुए कहा कि भूमि दस्तावेज की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं जनप्रतिनिधियों का कहना है कि नगर निगम द्वारा खाली शासकीय प्लाट का चिन्हांकन की गई है। अगर उक्त संचालक निगम द्वारा चिन्हाकित स्थल पर मीनाबाजार नहीं लगाते हैं तो दूसरे को बुलाया जावेगा और ऐतिहासिक कृष्ण जन्माष्टमी मेला पूर्व की तरह आयोजित होगी।