मासूम बेटी को देख टॉवर से नीचे उतरा ग्रामीण, फिर गोद में लेकर कुएं में फेंकने के लिए दौड़ा, पुलिस ने दौड़कर बचाई मासूम की जान

Deranged Youth: करंट की चपेट में आने से बाल-बाल बचा युवक, इलाज के लिए अस्पताल में किया गया भर्ती

By: Vasudev Yadav

Updated: 28 May 2020, 08:09 PM IST

रायगढ़. धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत मानसिक रूप से अस्वस्थ्य युवक पहले हाई टेंशन टॉवर के ऊपरी छोर पर चढ़ गया। जिसे उतारने में पुलिस के पसीने छूट गए। आखिरकार अपनी मासूम बेटी को देख युवक नीचे उतरा, लेकिन इसके बाद वह अपनी ही बेटी को वहां स्थित कुएं में फेंकने का प्रयास करने लगा। किसी तरह पुलिस ने मानसिक रोगी पिता के चंगुल से उसकी बेटी को छुड़ाकर उसकी जान बचाई और उसे इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया। इस घटना की सबसे सुखद पहलू यह रहा कि युवक विद्युत करंट की चपेट में नहीं आया। हालांकि बाद में पुलिस ने उसे उतारते समय विद्युत विभाग की मदद से लाइन को बंद करवा दिया था।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सिसरिंगा निवासी मांझीराम उरांव 26 मई को अचानक अपने गांव में लगे हाई टेंशन विद्युत टावर में ऊपर छोर तक चढ़ गया। जिसे देखने वहां ग्रामीणों की भीड़ लग गई। चूंकि टॉवर में करंट प्रवाहित था, ऐसे में लोगों को डर भी था कि कहीं वह करंट की चपेट में न आ जाए। इसके बाद इसकी सूचना तत्काल धरमजयगढ़ पुलिस को दी गई।

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सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और सबसे पहले विद्युत विभाग के माध्यम से लाइन को बंद कराया गया। इसके बाद आरोपी को टॉवर से नीचे उतारने के लिए पुलिस ने रेस्क्यू शुरू किया, लेकिन मांझीराम नीचे उतरने का नाम ही नहीं ले रहा था और नीचे स्थित भीड़ की आवाज से वह और विचलित हो जा रहा था। ऐसे में पुलिस ने वहां से भीड़ को खाली किया फिर उसे नीचे उतारने के लिए पुलिस द्वारा समझाइश का दौर शुरू हुआ। मांझीराम पर इसका कुछ प्रभाव नहीं पड़ रहा था।

ऐसे में पुलिस ने मौके पर युवक के मां और पांच साल की मासूम बेटी को बुलवाया। फिर युवकी की बेटी ने उसे आवाज देकर नीचे बुलाना शुरू कर दिया। कुछ देर बाद अपनी बेटी को देख कर मांझीराम धीरे-धीरे करके नीचे ही उतर गया। तब पुलिस ने राहत की सांस ली, लेकिन अचानक मांझीराम अपनी मासूम बेटी को पास में स्थित कुआं में फेकने के लिए लेकर दौड़ा। जिसे देख पुलिस की टीम ने उसे दौड़ा कर पकड़ लिया। फिर मासूम को उसके चंगुल से छुड़ा कर युवक की मां को सौंप दिया गया। फिर युवक को इलाज के लिए धरमजयगढ़ अस्पताल पहुंचाया गया।

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