Best Of Herbal Tea: आपको पाचन संबंधी परेशानियों से बचाती हैं ये 5 हर्बल-टी

चाय पीने से थकान दूर होती है, सिरदर्द में राहत मिलती है, तनाव कम होता है जैसे फायदों के बारे में तो आप जानते हैं। लेकिन यहां पाचन पर हर्बल-टी कैसे काम करती है, इस बारे में जानिए...

By: lalit sahu

Published: 26 Sep 2020, 07:29 PM IST

जिधर भी देखिए आजकल अपने पाचन को ठीक रखने और इम्युनिटी बढ़ाने की बात हो रही है। कोरोना वायरस के दौर में तो अब टीवी पर विज्ञापन भी 'इम्युनिटी बूस्ट' करने के इर्द-गिर्द दिखाई देते हैं। वजह साफ है... आज के वक्त में अगर सबसे अधिक जरूरी कोई चीज है तो वह है आपकी सेहत और हमारी सेहत को बचाने के लिए जरूरी है रोग प्रतिरोधक क्षमता। यह रोग प्रतिरोधक क्षमता 70 प्रतिशत तक हमारे पेट की हालत पर निर्भर करती है...यह बात तो दिन में सैकड़ों बार आप टीवी पर सुनते होंगे। तो चलिए अभी यहां उन टेस्टी हर्बल-टी के बारे में जान लेते हैं, जो पाचन को सही बनाए रखने में आपकी मदद कर सकती हैं...

कैमोमाइल-टी
कैमोमाइल चाय पाचन को सही रखने में बहुत अधिक प्रभावी होती है। यह चाय आपकी आंतों में हानिकारक बैक्टीरिया को पनपने से रोकती है और गुड बैक्टीरिया को अधिक स्वस्थ बनाने में मदद करती है।
दस्त यानी लूज मोशन होने पर भी आप कैमोमाइल-टी का उपयोग कर सकते हैं। यह आपको पेट दर्द से राहत दिलाएगी, साथ ही लूज मोशन को रोकने में प्रभावी रहेगी। आप दिन में 2 कप कैमोमाइल-टी का सेवन कर सकते हैं।

अदरक की चाय
आमतौर पर अदरक की चाय सर्दियों में पी जाती है। क्योंकि सर्दियों में ही अदरक की फसल आती है। लेकिन सूखे हुए अदरक को पूरे साल उपयोग करने के लिए स्टोर किया जाता है। इसे सौंठ कहते हैं।
इस समय कोरोना संक्रमण के प्रभाव से बचने के लिए आप चाय बनाते समय सौंठ का उपयोग कर सकते हैं। यह आपके श्वसनतंत्र को सही रखने, फेफड़ों को मजबूती देने और गले की समस्याओं से बचाने का कार्य करेगी।

ब्लैक-टी के फायदे
ब्लैक-टी यानी बिना दूध की चाय तैयार करने के लिए आपको सिर्फ गर्म पानी और टी-बैग की जरूरत होती है। अगर टी बैग ना हो तो आप चायपत्ती को पानी में हल्का-सा पकाकर भी ब्लैक-टी तैयार कर सकते हैं।

हर्बल चाय पीने के फायदे
ब्लैक टी पीने से पाचन क्रिया सही रहती है। सिरदर्द और जुकाम जैसी समस्याएं नहीं होती हैं। आप ब्लैक-टी तैयार करते समय पानी में 1 लौंग और 1 काली मिर्च भी पका सकते हैं। ये आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बनाए रखने में सहायक हैं।

पुदीने की चाय
आप 1 कप पुदीना चाय तैयार करने के लिए पुदीने के 4 से 5 पत्ते लें और इन्हें धीमी आंच पर पानी में उबलने के लिए रख दें। जब पानी में उबाल आ जाए तो आप इसे छानकर इसमें थोड़ा-सा बूरा मिलाकर इस चाय का सेवन कर सकते हैं।

दालचीनी की चाय
दालचीनी यानी का उपयोग बहुत ही सीमित मात्रा में करना चाहिए। इसलिए दालचीनी की चाय बनाते समय आप दालचीनी के आधा इंच से भी छोटे पीस को कूटकर पानी में उबालें। यदि आप दालचीनी के पाउडर का उपयोग कर रहे हैं तो बस दो चुटकी पाउडर की काफी है।
इसके साथ आप हल्की चायपत्ती, 1 हरी इलायची और दो-तीन तुलसी पत्ती मिलाकर चाय तैयार करें। स्वाद के अनुसार इसमें शुगर या गुड़ का उपयोग कर सकते हैं। दिन में एक बार सुबह के समय इस चाय का उपयोग करें आपको लाभ होगा।

lalit sahu Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned