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छत्तीसगढ़ की सियासत में पहली बार उतरे दो नए दल, प्रचार अभियान पकड़ रहा जोर

जकांछ-बसपा गठबंधन और आप ने सभी 90 विधानसभा क्षेत्रों में प्रत्याशी उतारने की तैयारी में जमीनी प्रचार अभियान भी तेज कर दिया है

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CGNews

छत्तीसगढ़ की सियासत में पहली बार उतरे दो नए दल, प्रचार अभियान पकड़ रहा जोर

रायपुर. देश की सत्ता के लिए भाजपा-कांग्रेस की प्रतिद्वंद्विता के बीच नवगठित जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़-जे और बहुजन समाज पार्टी के नए गठबंधन ने चुनावी बिसात बिछा दी है। इस बीच आम आदमी पार्टी भी मैदान में जोर लगा रही है।

जकांछ-बसपा गठबंधन और आप ने सभी 90 विधानसभा क्षेत्रों में प्रत्याशी उतारने की तैयारी में जमीनी प्रचार अभियान भी तेज कर दिया है। बसपा प्रदेश की राजनीति में पहले से तीसरी ताकत रही है। हर चुनाव में उसके प्रत्याशी चुनकर विधानसभा पहुंचते रहे हैं। कुछ क्षेत्रों में अब भी हाथी का जलवा बरकरार है। इस बीच कांग्रेस से अलग होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ पहली बार चुनाव में उतरने जा रही है।

आम आदमी पार्टी लोकसभा चुनाव में छत्तीसगढ़ में हाथ आजमा चुकी है, लेकिन विधानसभा चुनाव का यह उसका पहला अवसर है। सपा, एनसीपी, शिवसेना, जदयू भी अपने स्तर से तैयारियों में जुटे हैं।

जकांछ के स्टार प्रचारक अजीत जोगी प्रदेश भर मे दो बार सभाएं कर चुके हैं। चुनाव का बिगुल बजने से ठीक पहले उनकी विजयरथ यात्रा जारी है। शपथपत्र के रूप में पार्टी अपना घोषणापत्र पहले ही जारी कर चुकी है। हाल-फिलहाल बेरोजगारी भत्ते का वादा जोड़ा गया है। पार्टी अभी तक 45 सीटों पर प्रत्याशी भी घोषित कर चुकी है। बसपा से गठबंधन के बाद सीटों की फिर से समीक्षा होगी। कुछ बदलाव भी संभव है। वैसे गठबंधन में जकांछ को 55 सीटें मिली हैं।





























































पार्टीप्रत्याशीवोटप्रत्याशीवोट
2013200820132008
बसपा904.27906.11
सीपीआई150.66211.12
सीपीएम040.08080.04
एनसीपी140.03030.52
स्वाभिमान मंच541.3300

0.00


गोंगपा441.57541.59

बसपा ने भी खुद को सांगठनिक रूप से तैयार कर लिया है। पिछले दो महीनों से बसपा के प्रदेश प्रभारी लगातार दौरा कर प्रभाव वाले क्षेत्रों में कैडरों को चुस्त किया है। जोन और सेक्टर वार इकाईयां सक्रिय की गई हैं। गठबंधन में बसपा को 35 सीटें मिली हैं। प्रत्याशियों के चयन की प्रक्रिया भी अंतिम दौर में है। प्रदेश अध्यक्ष ओपी बाचपेयी बताते हैं, कौन सी विधानसभा सीटों पर हमारे प्रत्याशी होंगे, इसका फैसला जल्दी ही हो जाएगा। वैसे अधिकतर उम्मीदवारों के नाम पर चर्चा कर एक सूची फाइनल कर ली गई है।

आम आदमी पार्टी पिछले 9 महीनें से प्रत्याशियों के चयन और संगठन को प्रभावी बनाने पर काम कर रही है। अभी तक पार्टी के 77 उम्मीदवारों की घोषणा हो चुकी है। पार्टी प्रवक्ता उचित शर्मा का कहना है कि एक अक्टूबर तक सभी 90 सीटों पर उम्मीदवार घोषित हो जाएंगे। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरिवाल एक बार जनसभा कर चुके हैंं। पार्टी प्रभारी और दिल्ली के श्रम मंत्री गोपाल राय का एक पैर छत्तीसगढ़ में ही रह रहा है।

पिछला चुनाव लड़ चुकी छत्तीसगढ़ स्वाभिमान मंच और गोंडवाना गणतंत्र पार्टी अपनी ही चाल में हैं। स्वाभिमान मंच जनता कांग्रेेस से एक समझौता कर चुका है। इसके बाद उसने 13 सीटों पर प्रत्याशी उतारने की घोषणा की है। इन सीटों में सामरी, प्रेमनगर, रामपुर, कटघोरा, लोरमी, पंडरिया, साजा, नवागढ़, अहिवारा, दुर्ग शहर, गुंडरदेही और आरंग शामिल हैं। गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने भी प्रत्याशियों की एक सूची जारी कर दी है। हालांकि वे कांग्रेस अथवा जनता कांग्रेस से गठबंधन की कोशिशों में भी जुटे हैं।

इधर वामदलों मेंं मिलकर चुनाव लडऩे पर भी चर्चा चल रही है। बताया जा रहा है कि भाकपा, माकपा, एसयूसीआइ-सी और भाकपा-माले-लिबरेशन इस संबंध में एक बैठक कर चुके हैं। माकपा राज्य सचिव मंडल सदस्य धर्मराज महापात्र कहते हैं, तय हुआ है कि सांगठनिक रूप से प्रभावी 20-22 सीटों पर उम्मीदवार उतारेंगे। शेष सीटों पर जनता से भाजपा को हराने की अपील करेंगे। हालांकि भाकपा-माले-रेडस्टार इस गठबंधन से दूर है। संगठन के राज्य सचिव सौरा यादव ने बताया, पार्टी बिंद्रानवागढ़ से भोजलाल नेताम और राजिम से तेजराम विद्रोही को प्रत्याशी घोषित कर चुकी है। वे शेष सीटों पर प्रत्याशी नहीं उतार रहे हैंं।